कहानी

नए साल की पहली सुबह थी. बच्चों ने बिस्तर छोड़ने के साथ ही मुझे और आकाश को नए साल की मुबारकबाद दी. खासखास मित्रों को कलैंडर बांटने के पीछे चंदनजी की आखिर मंशा क्या थी?