अपरोक्ष रूप से सारे कदम उठाने, सारे हथकंडे अपनाने, अपने पक्ष में बॉलीवुड से जुड़े कुछ लोंगो की एक फौज खड़ी कर लेने, मुंबई के पुलिस कमिश्नर से मुलाकात कर अपनी फिल्म के प्रदर्शन के वक्त सुरक्षा की मांग कर लेने के बाद अंततः अब करण जोहर को बोलना ही पड़ा.

उड़ी पर आतंकवादी हमले के एक माह बाद, भारतीय सेना के सर्जिकल स्ट्राइक के बीस दिन बाद और फिल्म ‘ऐ दिल है मुश्किल’ के प्रदर्शन के महज दस दिन पहले करण जोहर ने वीडियो संदेश के साथ साथ लिखा हुआ संदेश मीडिया में पहुंचाकर ऐलान किया है कि अब वह पाकिस्तानी कलाकारों के संग फिल्म नहीं बनाएंगे.

काश! आतंकवादी हमले के बाद पाक कलाकारों पर बैन की आवाज उठते ही आज की ही तरह करण जोहर ने अपनी बात कह दी होती, तो शायद पिछले एक माह से जो शोर मचा हुआ था, वह न मचता.

शायद बौलीवुड दो खेमों में बंटने से बच जाता. पर करण जोहर ने बोलने में इतनी देर कर दी कि आज करण जोहर के बयान पर हर इंसान अपने अपने नजरिए से सोच रहा है. पिछले एक माह से जिस तरह से पाक कलाकार फवाद खान के कारण करण जोहर की फिल्म ‘‘ऐ दिल है मुश्किल’’विवादों में रही है, उसका उन्हे बॉक्स आफिस पर कितना फायदा मिलेगा, यह तो वक्त ही बताएगा. पर अब तक अपनी चुप्पी को वह अपनी देशभक्ति का नाम दे रहे हैं.

बहरहाल,मंगलवार,18 अक्टूबर को लगभग पौने दो मिनट के वीडियो संदेश में करण जोहर ने कहा है- ‘‘पिछले दो सप्ताह से मेरी चुप्पी पर जो लोग सवाल उठाते रहे हैं, उन्हें बताना चाहूंगा कि मैं इसलिए चुप रहा, क्योंकि मै दिल से देशभक्त हूं. मेरे लिए देश पहले है. कुछ लोग मुझे देशद्रोही कह रहे थे, इससे मुझे काफी दुःख हो रहा था. मैं आहत हो रहा था. मैं पूरी ताकत के साथ कहना चाहता हूं कि मेरे लिए मेरा देश पहले है, बाकी सब कुछ बाद में. मेरे लिए मेरे देश के अलावा कुछ भी मायने नहीं रखता. मैं अपने काम, अपनी फिल्मों के माध्यम से देशभक्ति फैलाना चाहता हूं. मैंने यही काम अपने सिनेमा के माध्यम से किया है. मैं अपनी फिल्मों के माध्यम से मोहब्बत का पैगाम देकर देशभक्ति करना चाहता हूं. जब पिछले वर्ष सितंबर से दिसंबर के मध्य मैं अपनी फिल्म ‘ऐ दिल है मुश्किल’ की शूटिंग कर रहा था, तब भारत व पाक के बीच संबंधं बिलकुल ही अलग थे. हमारी सरकार ने पड़ोसी देश के साथ शांतिपूर्ण संबंध स्थापित करने की दिशा में कई सकरात्मक कदम उठाए थे, मैंने उस वक्त उसका समर्थन किया था. आज जो भावनाएं हैं, मैं उनका भी सम्मान करता हूं. मैं इन भावनाओं को समझता हूं. क्योंकि मुझे भी उसका अहसास है.’’

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