बौलिवुड एक्टर शाहिद कपूर ने कहा हैं, वें भी भी उस दौर से गुजर चुके हैं जब दिल टूटने के बाद वें गहरे सदमे में थे और खुद को नुकसान पहुंचान’ चाहते थे. लेकिन उन्होंने ये भी कहा हैं कि इन नकारात्मक भावनाओं से उबरने का एक यही तरीका यह था कि वह अपने काम में पूरी तरह समर्पित हो जाएं.

हाल ही में फिल्म ‘कबीर सिंह’ में शाहिद ने एक सर्जन की भूमिका निभायी हैं जो दिल टूटने के बाद खुद को नुकसान पहुंचाता है. शाहिद ने ये भी बताया कि मैं खुद इस दर्द से गुजर चुका हूं. मैं हर समय चिंता में डूबा रहता था. जब मेरा दिल टूटा था, मैं खुद को नुकसान पहुंचाना चाहता था.

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शाहिद ने कहा कि अगर आपका प्यार सच्चा होता है तो वहां नाराजगी भी उतना ही हो सकती है. ‘कबीर सिंह’ एक ऐसा किरदार है, जो हर किसी के जीवन में आता है और इसी वजह से मैं इस किरदार से जुड़ पाया. शाहिद ने कहा कि उन्होंने अपनी नकारात्मक भावनाओं को कहीं और लगाया.

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उन्होंने कहा, अगर आप किसी नकारात्मक भावना से गुजर रहे हैं तो इसे सकारात्मकता में बदलें, इसे एक नई दिशा दें…. नहीं तो ये आपको गर्त में ले जायेंगी. दिल टूटना भी इन्हीं नकरात्मक भावनाओं में से एक है. आप इसे कहीं और इस्तेमाल करें. अगर आप ऐसा नहीं कर सकते तो आप कबीर सिंह बन जाएंगे. आपको बता दें, यह फिल्म 21 जून को रिलीज होगी.

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