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सौरव गांगुली की वजह से भारतीय क्रिकेट टीम को मिला धोनी जैसा कप्तान

पूर्व कप्तान सौरव गांगुली का युवाओं पर भरोसा दिखाने के कारण भारतीय क्रिकेट टीम को सबसे महानतम खिलाड़ियों में से एक महेन्द्र सिंह धोनी मिले. यह दावा एक किताब में किया गया है. लेखक अभिरूप भट्टाचार्य की नई किताब ‘‘विनिंग लाइक सौरव : थिंक एंड सक्सीड लाइक गांगुली’’ में भारतीय टीम के पूर्व कप्तान को दूरदृष्टि और सबसे तेज दिमाग वाले क्रिकेटरों में से एक बताया गया है. बंगाल के इस खिलाड़ी ने मैच फिक्सिंग प्रकरण के बाद सचिन तेंदुलकर की जगह कप्तानी की बागडोर संभाली और एक जुझारू टीम का गठन किया.

सौरव गांगुली को युवराज सिंह, मोहम्मद कैफ, जहीर खान, वीरेंद्र सहवाग, हरभजन सिंह जैसे खिलाड़ियों को बढ़ावा देने के साथ ‘टीम इंडिया’ और ‘मेन इन ब्लू’ की अवधारणा बनाने का श्रेय दिया जाता है. किताब के मुताबिक, ‘‘गांगुली का मंत्र सरल था : उनका मानना ​​था कि अगर युवा प्रतिभाशाली है तो उसे खुद को साबित करने का पर्याप्त अवसर दिया जाना चाहिये. वह सुनिश्चित करते थे कि टीम में ऐसे खिलाड़ी को शांत माहौल मिले और एक असफलता के बाद उसे बाहर नहीं किया जाए.’’

किताब के मुताबिक, महेंद्र सिंह धोनी इस नीति के सबसे बेहतर उदाहरण में से एक है. जिन्हें पहली चार पारियों में असफल रहने के बाद भी मौका दिया गया और अपनी पांचवीं पारी में पाकिस्तान के खिलाफ उन्होंने 148 रन की पारी खेली. इस एक पारी के बाद धोनी का करियर पूरी तरह से बदल गया.’’

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महेंद्र सिंह धोनी आगे चल कर भारतीय टीम के कप्तान बने और उन्होंने 2007 में भारत को आईसीसी टी-20 विश्व कप और 2011 में एकदिवसीय विश्व कप के अलावा चैम्पियंस ट्रौफी का खिताब भी दिलवाया.

रूपा प्रकाशन की इस किताब में कहा गया, ‘‘अगर गांगुली ने धोनी पर भरोसा नहीं दिखाया होता तो भारतीय क्रिकेट टीम को उसका सर्वश्रेष्ठ विकेटकीपर बल्लेबाज नहीं मिलता.’’  भट्टाचार्य इससे पहले ‘‘विनिंग लाइक विराट : थिंक एंड सक्सेस लाइक कोहली’’ जैसी किताब लिख चुके हैं.

किताब में दावा किया गया कि गांगुली टीम में सीनियर और जूनियर खिलाड़ियों के बीच सामांजस्य बनाने में कामयाब रहे. संकट के समय टीम उनसे मार्गदर्शन लेती थी. भट्टाचार्य ने गांगुली की तुलना पाकिस्तान के महान खिलाड़ी इमरान खान और श्रीलंकाई दिग्गज अर्जुन रणतुंगा से की जिन्होंने नए सिरे से टीम का गठन किया और ऊंचाई पर ले गये.

किताब में कहा गया कि ग्रेग चैपल विवाद को छोड़ दें तो टीम के पहले विदेशी कोच जौन राइट और दूसरे खिलाड़ियों से उनके संबंध शानदार थे. उनकी कप्तानी में खिलाड़ी एक टीम की तरह खेलते थे और टीम की सचिन तेंदुलकर पर निर्भरता कम हुई.

महिला क्रिकेट टीम की कप्तान हरमनप्रीत कौर की डिग्री है फर्जी

भारतीय महिला क्रिकेट टीम की टी-20 फौर्मेट की कैप्टन हरमनप्रीत कौर की मार्कशीट के फर्जी होने की पुष्टि के बाद अब हरमनप्रीत कौर की पंजाब में पुलिस उप अधीक्षक (डीएसपी) की नौकरी पर तलवार लटक गई है. क्रिकेट की दुनिया में शानदार प्रदर्शन करके देश का मान बढ़ाने पर उन्हें रेलवे ने नौकरी दी गई थी और उसके बाद उन्हें पंजाब पुलिस में डीएसपी की नौकरी दी गई थी, लेकिन अब उनका डिमोशन तय माना जा रहा है. उन्हें डीएसपी से सिपाही के पद पर डिमोट करने पर विचार किया जा रहा है. बता दें कि हाल ही में हरमनप्रीत कौर को 2016-17 के सत्र के लिए सर्वश्रेष्ठ महिला क्रिकेटर चुना गया है.

एक खबर के मुताबिक, पंजाब सरकार अर्जुन अवौर्ड खिलाड़ी से सम्मानित हरमनप्रीत कौर से डीएसपी का पद छीनकर सिपाही लगाने की पेशकश की है. पंजाब सरकार के सूत्रों का कहना है कि हरमनप्रीत कौर ने सिर्फ 12वीं क्लास ही पास की है. ऐसे में उन्हें सिर्फ सिपाही का पद ही दिया जा सकता है. उन्होंने कहा कि हमने हरमनप्रीत कौर से कह दिया है कि अगर वह सिपाही पद पर रहना चाहती हैं तो हमें बता दें, लेकिन बीए पास नहीं होने की वजह से उन्हें डीएसपी का पद नहीं दिया जा सकता है.

हालांकि, हरमनप्रीत कौर के मैनेजर का इस बारे में कहना है, ”हमें पंजाब पुलिस की तरफ से नौकरी को लेकर कोई आधिकारिक पत्र नहीं मिला है. हरमनप्रीत की यह वही डिग्री है, जो रेलवे में नौकरी के दौरान जमा की गई थी तो यह झूठी और फर्जी कैसे हो सकती है?”

सूत्रों के मुताबिक, गृह विभाग के अतिरिक्त प्रधान सचिव एन.एस. कलसी ने पुलिस विभाग को लिख दिया है कि हरमनप्रीत कौर को सिपाही लगा दिया जाए. बता दें कि हाल ही में सीसीएस विश्वविद्यालय के रजिस्ट्रार जीपी श्रीवास्तव ने बताया कि मार्च महीने में पंजाब पुलिस ने सत्यापन के लिए उनकी मार्कशीट मेरठ स्थित चौधरी चरण सिंह (सीसीएस) विश्वविद्यालय भेजी थी. जांच के बाद उनकी बीए फाइनल की मार्कशीट फर्जी पाई गई है. उनकी मार्कशीट का वहां कोई रिकौर्ड नहीं मिला.

उन्होंने बताया था, “जांच में पाया गया कि मार्कशीट में छपा रोल नंबर और नोमिनेशन नंबर हमारे रिकौर्ड में उपलब्ध नहीं हैं.’’ बकौल श्रीवास्तव विश्वविद्यालय ने इस आशय की रिपोर्ट अप्रैल महीने में भेज दी थी.

रेलवे की नौकरी को लेकर भी रही थीं विवादों में

महिला विश्व कप-2017 में औस्ट्रेलिया के खिलाफ धमाकेदार 171 रनों की पारी खेलते हुए भारत को फाइनल में पहुंचाने वाली हरमनप्रीत कौर पहले भी विवादों में फंस चुकी हैं. गौरतलब है कि पंजाब के मोगा की रहने वाली हरमनप्रीत को 1 मार्च, 2018 को पंजाब के मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह और पुलिस महानिदेशक सुरेश अरोड़ा ने प्रदेश पुलिस में डीएसपी के रूप में ज्वाइन कराया था. पंजाब पुलिस ज्वाइन करने से पहले वह पश्चिम रेलवे में कार्यरत थीं. वहां उनका 5 साल का बौन्ड था. इसके बावजूद उन्होंने पिछले साल नौकरी से त्यागपत्र दे दिया था.

हरमनप्रीत को रेलवे में नौकरी करते हुए 3 साल ही हुए थे. ऐसे में बौन्ड की शर्तों के अनुसार, उन्हें पांच साल का वेतन रेलवे को वापस देना था, इसके चलते उन्हें रिलीव नहीं किया गया था. हालांकि कैप्टन अमरिंदर सिंह ने रेल मंत्री पीयूष गोयल के समक्ष उठाया, इसके बाद ही हरमनप्रीत पंजाब पुलिस में नौकरी ज्वाइन कर सकी थीं.

पिता ने कहा, गलत है जांच

उधर, हरमनप्रीत कौर के पिता हरमिंदर सिंह ने इस जांच को गलत ठहराया था. उनका कहना था कि उनकी बेटी की डिग्री सही है. हरमनप्रीत ने इसी डिग्री के आधार पर रेलवे में नौकरी की तो अब यह डिग्री फर्जी कैसे हो सकती है. हरमिंदर सिंह ने कहा कि वे खुद मेरठ जाकर सच पता लगाएंगे. हरमनप्रीत की डिग्री रेगुलर थी या फिर पत्राचार से की गई, पिता ने इसका कोई स्पष्ट जवाब नहीं दिया.

हरमिंदर सिंह ने कहा था कि बेटी ने 12वीं की पढ़ाई मोगा से की. उसके बाद हरमनप्रीत का चयन भारतीय महिला क्रिकेट में हो गया तो इस बीच उसने बीए की डिग्री मेरठ की चौधरी चरण सिंह यूनिवर्सिटी से ली. उन्होंने बेटी से फोन पर बात की तो उसने भी डिग्री जाली होने से इनकार किया. वहीं, हरमनप्रीत कौर की मां सतविंदर कौर खुलकर नहीं बोलीं.

नहीं रहे ‘तारक मेहता का उल्टा चश्मा’ के डा. हंसराज हाथी

मशहूर टीवी सीरियल ‘तारक मेहता का उल्टा चश्मा’ में लोगों को अपने शानदार अभिनय से हंसाने वाले कवि कुमार आजाद अब हमारे बीच नहीं रहे. इस टीवी सीरियल में वह डा. हंसराज हाथी का किरदार निभाते थे. मीडिया में आई खबरो के अनुसार सोमवार को महाराष्ट्र के मीरा रोड वाकहार्ट हास्पिटल में उनका हार्टअटैक से निधन हो गया. बताया जा रहा है कि कवि कुमार आजाद का जिस वक्त दिल का दौरा पड़ा वे घर पर थे. कवि कुमार की हुई निधन की जानकारी आरजे आलोक ने अपने आफिशियल ट्विटर अकाउंट से ट्वीट कर दी.

बता दें कि कवि कुमार काफी समय से छोटे पर्दे से लेकर बड़े पर्दे तक सक्रिय थे. उन्होंने आमिर खान की फिल्म ‘मेला’ और परेश रावल के साथ फिल्म ‘फंटूश’ जैसी कई फिल्मों में काम किया. कवि कुमार आजाद के नाम से ही जाहिर है कि वे कवि थे, और जब वे एक्टिंग में मशगूल नहीं होते तो कविताएं लिखा करते थे. शो में वे पूरी गोकुल धाम सोसाइटी के साथ बहुत ही मिलनसारिता के साथ पेश आते थे. दर्शकों खासकर बच्चों में वे बहुत लोकप्रिय थे. ‘तारक मेहता का उल्टा चश्मा’ में कवि कुमार शो में डाक्टर थे, लेकिन ओवरवेट डाक्टर थे. उन्हें हर कोई बहुत प्यार करता था.

मौनसून में खरीद सकते हैं ये वाटरप्रूफ स्मार्टफोन

बारिश का मौसम शुरू हो गया है. अक्सर ऐसा होता है कि आप कहीं बारिश में फंस जाते हैं और आपके पास ऐसी कोई चीज नहीं होती जिसमें आप फोन छिपाकर बारिश से बचाएं. ऐसे में अपने स्मार्टफोन की सुरक्षा भी जरूरी है. वैसे अगर आपका फोन ही वाटरप्रूफ है तो फिर क्या बात है. आइए आज ऐसे ही स्मार्टफोन के बारे में जानते हैं जो 3.3 मीटर गहरे पानी में 30 मिनट तक रह सकते हैं. इन सभी स्मार्टफोन को IP67 और IP68 रेटिंग मिली है.

Huawei P20 Pro

Huawei P20 Pro में 6.1 इंच की फुल एचडी OLED डिस्प्ले है और इसे IP67 रेटिंग मिली है. इसमें 4000mAh की बैटरी मिलेगी जो फास्ट चार्जिंग को सपोर्ट करेगी. इस फोन की सबसे बड़ी खासियत इसके रियर पैनल पर दिए गए 3 कैमरे हैं. इनमें से एक कैमरा 8 मेगापिक्सल का है जिसमें 3x औप्टिकल जूम और Leica टेलीफोटो लेंस मिलेगा. वहीं दूसरा कैमरा 40 मेगापिक्सल का और तीसरा कैमरा 20 मेगापिक्सल का है. इसमें फ्रंट कैमरा 24 मेगापिक्सल का है.इस फोन में किरिन 970 प्रोसेसर, 6 जीबी रैम और 128 जीबी तक की स्टोरेज मिलेगी. Huawei P20 Pro की भारत में कीमत 64,999 रुपये है.

Nokia 8 Sirocco

Nokia 8 Sirocco में एंड्रायड ओरियो 8.1, 5.5 इंच की क्वाड एचडी pOLED डिस्प्ले है जिसका आस्पेक्ट रेशियो 16:9 होगी. डिप्ले पर 3डी कौर्निंग गोरिल्ला ग्लास का प्रोटेक्शन है. इसके अलावा फोन में क्वालकौम का स्नैपड्रैगन 835 प्रोसेसर, 6GB रैम और 128 जीबी की स्टोरेज मिलेगी. फोन में डुअल रियर कैमरा है इसमें एक कैमरा 12 मेगापिक्सल का वाइड एंगल वाला है जिसका अपर्चर f/1.75 और दूसरा कैमरा 13 मेगापिक्सल का है जिसका अपर्चर f/2.6 है. वहीं फ्रंट कैमरा 5 मेगापिक्सल का है. इसके अलावा फोन में 4G VoLTE, Wi-Fi 802.11ac, ब्लूटूथ v5.0, GPS/A-GPS, NFC, फिंगरप्रिंट सेंसर और वायरलेस चार्जिंग के साथ 3260mAh की बैटरी है. Nokia 8 Sirocco की भारत में कीमत 49,999 रुपये है.

Apple iPhone X

iPhone X के 64 जीबी वेरियंट की भारत में कीमत 89,000 रुपये और 256GB वेरियंट की कीमत 1,02,000 रुपये है. आईफोन X में डिस्प्ले- 5.8 इंच की है. इसमें रैम- 3GB, स्टोरेज- 64/256GB, प्रोसेसर- A11, रियर कैमरा- 12 मेगापिक्सल का डुअल कैमरा सेटअप, फ्रंट कैमरा- 7 मेगापिक्सल, बैटरी- 21 घंटे का टौकटाइम, वायरलेस चार्जिंग और फेशियल रिकौग्निशन दिया गया है.

iPhone 8, 8 Plus

शानदार डिस्प्ले और दमदार कैमरा के साथ Apple iPhone 8 Plus एप्पल लवर्स की पहली पसंद हो सकता है. इस फोन के स्पेसिफिकेशन की बात करें तो इसमें 5.5 इंच की डिस्प्ले, 3GB रैम, 64/256GB स्टोरेज, A11 प्रोसेसर, 12 मेगापिक्सल का डुअल रियर कैमरा, 7 मेगापिक्सल का फ्रंट कैमरा, 21 घंटे का बैटरी बैकअप, वायरलेस चार्जिंग सपोर्ट है. फोन के 64 जीबी वेरियंट की कीमत 73,000 रुपये और 256 जीबी वेरियंट की कीमत 86,000 रुपये है.

Samsung Galaxy Note 8

इस फोन में डुअल-सिम सपोर्ट, एंड्रायड 7.1.1 नूगट, 6.3 इंच की क्वाडएचडी+ सुपर एमोलेड डिस्प्ले है. बता दें कि इस फोन में डिस्प्ले डिफौल्ट रूप से फुलएचडी+ रहता है लेकिन इसे क्वाडएचडी+ में सेटिंग से बदला जा सकता है. इस फोन में सैमसंग का एक्सीनास 8895 प्रोसेसर, 6 जीबी रैम और 64 जीबी स्टोरेज है जिसे 256 जीबी तक बढ़ाया जा सकता है. फोन के कैमरे की बात करें तो इसमें डुअल रियर कैमरा सेटअप है जिसमें रियर पर 12 मेगापिक्सल के दो सेंसर हैं जो औप्टिकल इमेज स्टेबलाइजेशन को सपोर्ट करते हैं. वहीं फ्रंट कैमरा 8 मेगापिक्सल का दिया गया है. फोन में 3300mAh की बैटरी दी गई है. इसके अलावा फोन में 4जी वीओएलटीई, डुअल-बैंड, वाई-फाई 802.11एसी, ब्लूटूथ 5.0,यूएसबी टाइप-सी, एनफएफसी जैसे फीचर्स हैं. कीमत  64,900 रुपये रुपये हो गई है.

सैमसंग गैलेक्सी एस 8 और एस8 प्लस

सैमसंग गैलेक्सी एस8 में 5.8 इंच की क्वाडएचडी 1440×2960 पिक्सल रेजाल्यूशन वाली सुपर एमोलेड डिस्प्ले है. फोन में 12 मेगापिक्सल का ‘डुअल पिक्सल’ रियर कैमरा और सेल्फी कैमरा 8 मेगापिक्सल का है जिसका फ्रंट पर्चर f/1.7 है. प्रोसेसर क्वालकौम का लेटेस्ट वर्जन स्नैपड्रैगन 835, रैम 4 जीबी और 64 जीबी स्टोरेज है जिसे 256 जीबी तक स्टोरेज बढ़ा सकते हैं. इसकी कीमत 57,900 रुपये है. यह फोन वायरलेस चार्जिंग को भी सपोर्ट करता है. इसके अलावा आईफोन 7, 7 प्लस, सैमसंग गैलेक्सी एस9, एस9 प्लस, वनप्लस 5टी, वनप्लस 6 जैसे स्मार्टफोन के भी नाम हैं.

Google Pixel 2, XL

इस फोन में पतले बेजल वाला 6 इंच का कर्व्ड क्वाडएचडी डिस्प्ले है जिसका आस्पेक्ट रेशियो 18:9 है. इसमें क्वालकौम स्नैपड्रगैन 835 प्रोसेसर, 4 जीबी रैम, 64 जीबी और 128 जीबी स्टोरेज और 3520 एमएएच की बैटरी है. फोन के कैमरे की बात करें तो इसमें एफ/1.8 अपर्चर वाला 12.2 मेगापिक्सल का रियर कैमरा है जो औप्टिकल और इलेक्ट्रानिक स्टेबलाइजेशन से लैस है. वहीं फ्रंट कैमरा 8 मेगापिक्सल का है जिसका अपर्चर एफ/2.4 है. Google Pixel 2 XL के 64GB वेरियंट की कीमत 73,000 रुपये और इसके 128GB वेरियंट की कीमत 83,000 रुपये है.

क्या आप जानते हैं व्हाट्सऐप के इन दो खास फीचर के बारें में..!

आजकल हर कोई व्हाट्सऐप का इस्तेमाल करता है और इस ऐप के द्वारा अपने रिश्तेदारों और दोस्तों से संपर्क मे रहता है. वैसे तो आप व्हाट्सऐप के हर फीचर को बखूबी जानते होंगे, लेकिन हम जिन दों फीचर की बात कर रहे हैं उन्हें आप शायद ही जानते हों. इन फीचर्स के नाम हैं लास्ट सीन और ब्लू टिक. आप चाहें तो इन दोनों फीचर्स को बंद भी कर सकते हैं लेकिन कई लोग इसे बंद करने का तरीका नहीं जानते हैं तो चलिए आज हम आपको इनके तरीके बताते हैं.

ब्लू टिक और लास्ट सीन को कैसे बंद करें?

सबसे पहले व्हाट्सऐप की सेटिंग्स में जाएं और अकाउंट पर क्लिक करें. इसके बाद प्राइवेसी सेटिंग्स पर क्लिक करें और लास्ट सीन के विकल्प पर क्लिक करें. अब आपको तीन विकल्प एवरीवन (सभी लोग), माय कॉन्टेक्ट्स (मेरे सम्पर्क) और नोबडी (कोई नहीं) के विकल्प मिलेंगे. अब आप अपनी स्वेच्छा से किसी एक विकल्प पर क्लिक कर दें. अगर आप चाहते हैं कि आपका लास्ट सीन कोई ना देखे तो आप आखिरी विकल्प नो बडी पर क्लिक कर सकते हैं.

ब्लू टिक को बंद करने का तरीका यह है कि व्हाट्सऐप की सेटिंग्स में जाएं और फिर से अकाउंट पर क्लिक करके प्राइवेसी में जाएं. अब आपको सबसे नीचे read receipts का विकल्प मिलेगा और उसके आगे टिक का ऑप्शन होगा. अगर आप चाहते हैं कि आपके मैसेज के साथ ब्लू टिक ना दिखे तो आप इस विकल्प से टिक हटा दें और ऑन करने के लिए टिक कर दें. इस फीचर को ऑफ कर देने के बाद आपको भी पता नहीं चलेगा कि आपका मैसेज पढ़ा गया या नहीं. इस फीचर को ऑन करने से मैसेज पढ़ लिए जाने के बाद दो ब्लू टिक आ जाते हैं.

रेप के आरोप के बाद रद्द हुई मिथुन के बेटे की शादी

बौलीवुड अभिनेता मिथुन चक्रवर्ती के बेटे महाअक्षय उर्फ मिमोह चक्रवर्ती रेप और जबरन अबार्शन के आरोप में इतनी बुरी तरह फंसे कि शादी के मंडप पर पहुंचने के बाद भी उनकी शादी ना हो सकी. दरअसल, बीते शनिवार यानी 7 जुलाई को मिमोह की शादी होने ही वाली थी, लेकिन शिकायत के बाद दिल्ली पुलिस शादी के मंडप में पहुंच गई, जिसके चलते शादी टालनी पड़ी.

पुलिस सूत्रों ने बताया कि मामले की जांच के लिए एक पुलिस टीम के पहुंचने के बाद शादी को रद्द कर दिया गया और दुल्हन का परिवार मौके से चला गया. महाअक्षय की शादी शनिवार को उधगमंडलम में अभिनेता के पॉश होटल में होनी थी.

दिल्ली की एक अदालत ने एक महिला द्वारा दर्ज कराई गई कथित बलात्कार और धोखाधड़ी की शिकायत के मामले में शनिवार को अभिनेता मिथुन चक्रवर्ती की पत्नी और पुत्र को अग्रिम जमानत दे दी थी. विशेष न्यायाधीश आशुतोष कुमार ने चक्रवर्ती की पत्नी योगिता बाली और उनके बेटे महाअक्षय को यह कहते हुए अग्रिम जमानत दे दी कि उनकी समाज में गहरी जड़ें हैं और उनके फरार होने की आशंका नहीं है.

न्यायाधीश ने कहा कि तदनुसार यह आदेश दिया जाता है कि गिरफ्तारी की स्थिति में दोनों आवेदकों को एक लाख रुपये के निजी मुचलके और इतनी ही दो जमानत राशियों पर रिहा किया जायेगा.

गौरतलब है कि एक महिला ने दर्ज कराई शिकायत में आरोप लगाया था कि महाअक्षय ने शादी का झांसा देकर उससे करीब चार साल तक शारीरिक संबंध बनाकर उसे धोखा दिया और उससे बलात्कार किया. इस शिकायत के बाद अदालत के आदेश पर इस मामले में एक प्राथमिकी दर्ज की गयी थी.

अदालत ने कहा था कि पहली नजर में मिथुन की पत्नी योगिता बाली और बेटे महाअक्षय के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज करने तथा कानून के अनुसार आगे बढने के पर्याप्त आधार हैं. महिला ने अपनी शिकायत में आरोप लगाया था कि जब वह गर्भवती हुई तो महाअक्षय ने उसे कुछ दवाइयां दी जिसके कारण गर्भपात हुआ. उसने अपनी शिकायत में दावा किया कि योगिता बाली ने उसे धमकी दी थी कि यदि उसने रिश्ते को जारी रखा तो इसके गंभीर परिणाम होंगे.

इंडिया बनाम इंग्लैंड : रोहित शर्मा T20I फौर्मेट में तीन शतक लगाने वाले दूसरे खिलाड़ी बने

रोहित शर्मा ने ब्रिस्टल में तीसरे और अंतिम T20I में इंग्लैंड के खिलाफ नाबाद शतक लगाकर भारत की T20I श्रृंखला जीतने में मदद की. यह T20I में रोहित का तीसरा शतक था. 2 हफ्ते पहले रोहित ने आयरलैंड के खिलाफ 97 रन बनाए थे, लेकिन इस बार दाहिने हाथ के इस बैट्समैन ने सुनिश्चित किया कि वह तीन अंकों के आंकड़े को छुएं. संयोग से, रोहित शर्मा हर प्रारूप में तीन शतक बनाने वाले पहले खिलाड़ी बने – टेस्ट, ओडीआई और T20I। अपने मैच जिताऊ शानदार शतक की बदौलत उन्हें मैन औफ द मैच चुना गया.

रोहित के 100 रन जो सिर्फ 56 गेंदों पर आए, 11 चौके और 5 छक्के की बदौलत थे. उनका अर्धशतक 28 गेंदों में पूरा हुआ और अगली 28 गेंदों में उन्होंने अपना शतक पूरा किया. इससे पहले, उस दिन रोहित शर्मा 2000 से अधिक T20I रन बनाने वाले पांचवें बल्लेबाज बने. भारत के कप्तान विराट कोहली, पाकिस्तान के शोएब मलिक और न्यूजीलैंड के ब्रेंडन मैकुलम और मार्टिन गुपटिल भी इस सूची में शामिल हैं.

श्रीसंथ का बौडी मेकओवर देख हैरान हुए फैन्स, हरभजन को बनाया ट्विटर पर निशाना

पूर्व क्रिकेटर श्रीसंथ के वायरल हो रहे जिम वीडियो को लेकर ट्विटर पे इन दिनों हरभजन का मजाक बनाया जा रहा है.

गौरतलब है कि दोनों खिलाड़ी इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) 2008 के दौरान एक विवाद में शामिल थे जब मुंबई इंडियंस और किंग्स इलेवन पंजाब (केएक्सआईपी) के बीच एक खेल में हरभजन ने श्रीसंथ को थप्पड़ जड़ दिया था. बाद में आईपीएल के उस सत्र से हरभजन को प्रतिबंधित कर दिया गया और बीसीसीआई ने उनपर पांच एक दिवसीय मैच में प्रतिबंध लगा दिया था.

 

श्रीसंथ ने कसरत करते हुए अपनी कुछ इमेज भी शेयर की हैं. कुछ ने उनकी सराहना की, कुछ ने इसे लेकर ट्विटर पर मजाक बनाया. पूर्व में हुए तमाम विवादों के बाद से श्रीसंत ने काफी अच्छा बैकअप किया है और एक शानदार शरीर के मालिक बन गए हैं. हाल ही में उन्होंने अपने Instagram एकाउंट से अपनी लेटेस्ट फोटो पोस्ट की.

भारतीय टीम के पूर्व पतले सदस्य श्रीसंथ, एक मौडल में बदल गए हैं क्योंकि कुछ ही दिनों में उनकी आगामी फिल्म फ्लोर पर जाने वाली है. खबरों के मुताबिक, श्रीसंथ जल्द ही कन्नड़ फिल्म केम्पेगोड़ा 2 में अभिनय करते नजर आएंगे. वह केरल के एक जाने माने राजनितिक हस्ती भी हैं.

#hard work# love

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Keep working hard and keep at it..BE THE BEST YOU..

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जेल में मारा गया मुन्ना बजरंगी

उत्तर प्रदेश में सडक से लेकर जेल तक में अपराध बढ रहे हैं. बागपत जेल में बंद माफिया मुन्ना बजरंगी की हत्या सुबह 6 बजे हो गई. मुन्ना बजरंगी झांसी जेल से पेशी पर आया था. बागपत जेल में बंद गैंगस्टर सुनील राठी पर हत्या का आरोप है. कुछ समय पहले ही मुन्ना बजरंगी की पत्नी ने उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में अपने पति की हत्या की साजिश रचे जाने का अंदेशा जताते हुये मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से सुरक्षा की अपील की थी. एडीजी जेल चन्द्र प्रकाश ने कहा कि सुबह 6 बजे झगड़े के दौरान गोली मारी गई. मुन्ना बजरंगी की जेल में हत्या से जेल की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े हुये हैं.

उत्तर प्रदेश सरकार ने आननफानन में जेलर उदय प्रताप सिंह, डिप्टी जेलर शिवाजी यादव, हेड वार्डन अरजिदंर सिंह, वार्डन माधव कुमार को सस्पेंड कर दिया. इसके साथ ही साथ ज्यूडिशियल इंक्वायरी गठित की गई है. उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि मामले की जांच सख्ती से होगी जो दोषी होगा उसको बक्शा नहीं जायेगा.

मुन्ना बजरंगी का असली नाम प्रेम प्रकाश सिंह था. उसका जन्म 1967 में उत्तर प्रदेश के जौनपुर जिले के पूरेदयाल गांव में हुआ था. उसके पिता पारसनाथ सिंह उसे पढ़ा लिखाकर बड़ा आदमी बनाने का सपना संजोए थे. मगर प्रेम प्रकाश उर्फ मुन्ना बजरंगी ने उनके अरमानों को कुचल दिया. मुन्ना बजरंगी को पढ़ने की जगह पर हथियार रखने का शौक हो गया था. वह फिल्मों की तरह एक बड़ा गैंगेस्टर बनना चाहता था. यही वजह थी कि 17 साल की नाबालिग उम्र में ही उसके खिलाफ पुलिस ने मुकदमा दर्ज किया. जौनपुर के सुरेही थाना में उसके खिलाफ मारपीट और अवैध असलहा रखने का मामला दर्ज किया गया था. इसके बाद मुन्ना अपराध के दलदल में धंसता चला गया.

मुन्ना अपराध की दुनिया में अपनी पहचान बनाने की कोशिश में लगा था. इसी दौरान उसे जौनपुर के स्थानीय दबंग माफिया गजराज सिंह का संरक्षण हासिल हो गया. मुन्ना अब उसके लिए काम करने लगा था. इसी दौरान 1984 में मुन्ना ने लूट के लिए एक व्यापारी की हत्या कर दी. उसके मुंह खून लग चुका था. इसके बाद उसने गजराज के इशारे पर ही जौनपुर के भाजपा नेता रामचंद्र सिंह की हत्या करके पूर्वांचल में अपना दम दिखाया. उसके बाद उसने कई लोगों की जान ली.

पूर्वांचल में अपनी साख बढ़ाने के लिए मुन्ना बजरंगी 90 के दशक में पूर्वांचल के बाहुबली माफिया और राजनेता मुख्तार अंसारी के गैंग में शामिल हो गया. मुख्तार ने अपराध की दुनिया से राजनीति में कदम रखा और 1996 में समाजवादी पार्टी के टिकट पर मऊ से विधायक निर्वाचित हुए. इसके बाद इस गैंग की ताकत बहुत बढ़ गई. मुन्ना सीधे तौर पर सरकारी ठेकों को प्रभावित करने लगा था. वह लगातार मुख्तार अंसारी के निर्देशन में काम कर रहा था.

पूर्वांचल में सरकारी ठेकों और वसूली के कारोबार पर मुख्तार अंसारी का कब्जा था. लेकिन इसी दौरान तेजी से उभरते बीजेपी के विधायक कृष्णानंद राय उनके लिए चुनौती बनने लगे. उन पर मुख्तार के दुश्मन ब्रजेश सिंह का हाथ था. उसी के संरक्षण में कृष्णानंद राय का गैंग फल फूल रहा था. इसी वजह से दोनों गैंग अपनी ताकत बढ़ा रहे थे. इनके संबंध अंडरवर्ल्ड के साथ भी जुड़े गए थे. कृष्णानंद राय का बढ़ता प्रभाव मुख्तार को रास नहीं आ रहा था. उन्होंने कृष्णानंद राय को खत्म करने की जिम्मेदारी मुन्ना बजरंगी को सौंप दी.

मुख्तार से फरमान मिल जाने के बाद मुन्ना बजरंगी ने भाजपा विधायक कृष्णानंद राय को खत्म करने की साजिश रची और उसी के चलते 29 नवंबर 2005 को माफिया डौन मुख्तार अंसारी के कहने पर मुन्ना बजरंगी ने कृष्णानंद राय को दिन दहाड़े मौत की नींद सुला दिया. उसने अपने साथियों के साथ मिलकर लखनऊ हाइवे पर कृष्णानंद राय की दो गाड़ियों पर गोलियां बरसाई थी. इस हमले में गाजीपुर से विधायक कृष्णानंद राय के अलावा उनके साथ चल रहे 6 अन्य लोग भी मारे गए थे. पोस्टमार्टम के दौरान हर मृतक के शरीर से 60 से 100 तक गोलियां बरामद हुईं थी. इस हत्याकांड ने सूबे के सियासी हलकों में हलचल मचा दी. हर कोई मुन्ना बजरंगी के नाम से खौफ खाने लगा. इस हत्या को अंजाम देने के बाद वह मोस्ट वान्टेड बन गया था.

भाजपा विधायक की हत्या के अलावा कई मामलों में उत्तर प्रदेश पुलिस, एसटीएफ और सीबीआई को मुन्ना बजरंगी की तलाश थी. इसलिए उस पर सात लाख रुपये का इनाम भी घोषित किया गया. उस पर हत्या, अपहरण और वसूली के कई मामलों में शामिल होने के आरोप हैं. वो लगातार अपनी लोकेशन बदलता रहा. पुलिस का दबाव भी बढ़ता जा रहा था. यूपी पुलिस और एसटीएफ लगातार मुन्ना बजरंगी की तलाश कर रही थी. उसका यूपी और बिहार में रह पाना मुश्किल हो गया था. दिल्ली भी उसके लिए सुरक्षित नहीं था. इसलिए मुन्ना भागकर मुंबई चला गया. उसने एक लंबा अरसा वहीं गुजारा. इस दौरान उसका कई बार विदेश जाना भी होता रहा. उसके अंडरवर्ल्ड के लोगों से रिश्ते भी मजबूत होते जा रहे थे. वह मुंबई से ही फोन पर अपने लोगों को दिशा निर्देश दे रहा था.

एक बार मुन्ना ने लोकसभा चुनाव में गाजीपुर लोकसभा सीट पर अपना एक डमी उम्मीदवार खड़ा करने की कोशिश की. मुन्ना बजरंगी एक महिला को गाजीपुर से भाजपा का टिकट दिलवाने की कोशिश कर रहा था. जिसके चलते उसके मुख्तार अंसारी के साथ संबंध भी खराब हो रहे थे. यही वजह थी कि मुख्तार उसके लोगों की मदद भी नहीं कर रहे थे. बीजेपी से निराश होने के बाद मुन्ना बजरंगी ने कांग्रेस का दामन थामा. वह कांग्रेस के एक कद्दावर नेता की शरण में चला गया. कांग्रेस के वह नेता भी जौनपुर जिले के रहने वाले थे. मगर मुंबई में रह कर सियासत करते थे. मुन्ना बजरंगी ने महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव में नेता जी को सपोर्ट भी किया था.

उत्तर प्रदेश सहित कई राज्यों में मुन्ना बजरंगी के खिलाफ मुकदमे दर्ज थे. वह पुलिस के लिए परेशानी का सबब बन चुका था. उसके खिलाफ सबसे ज्यादा मामले उत्तर प्रदेश में दर्ज हैं. लेकिन 29 अक्टूबर 2009 को दिल्ली पुलिस ने मुन्ना को मुंबई के मलाड इलाके में नाटकीय ढंग से गिरफ्तार कर लिया था. माना जाता है कि मुन्ना को अपने एनकाउंटर का डर सता रहा था. इसलिए उसने खुद एक योजना के तहत दिल्ली पुलिस से अपनी गिरफ्तारी कराई थी.

मुन्ना की गिरफ्तारी के इस औपरेशन में मुंबई पुलिस को भी ऐन वक्त पर शामिल किया गया था. बाद में दिल्ली पुलिस ने कहा था कि दिल्ली के विवादास्पद एनकाउंटर स्पेशलिस्ट राजबीर सिंह की हत्या में मुन्ना बजरंगी का हाथ होने का शक है. इसलिए उसे गिरफ्तार किया गया. तब से उसे अलग अलग जेल में रखा जा रहा था. इस दौरान भी उसे जेल से लोगों को धमकाने, वसूली करने जैसे मामले सामने आ रहे थे. बताया जाता है कि अपने 20 साल के अपराधिक जीवन में उसने 40 हत्याएं की है.

प्रियंका को मिली एक और हिंदी फिल्म

बौलीवुड से हौलीवुड तक का सफर तय करने वाली देसी गर्ल प्रियंका चोपड़ा अब एक और वजह से सुर्खियों में आ गई हैं. खबर आई है कि प्रियंका के पास फिल्म ‘भारत’ ही नहीं बल्कि एक और हिंदी फिल्म है, जिसकी तैयारियां उन्होंने शुरू कर दी हैं. दरअसल, प्रियंका चोपड़ा ने अपने औफिशियल इंस्टाग्राम पर इंस्टा स्टोरी के जरिए एक नई जानकारी साझा की है. यह जानकारी उनकी दूसरी हिंदी फिल्म से जुड़ी है. प्रियंका ने फिल्म की कहानी के कवरपेज की एक फोटो शेयर की है जिसमें हिंदी फिल्म का नाम ‘द स्काई इज पिंक’ लिखा हुआ है. वे लिखती हैं इसकी शुरुआत हो गई है.

आपकी जानकारी लिए बता दें कि, अली अब्बास जफर की फिल्म भारत की शूटिंग 17 जुलाई से शुरू हो रही है और इसी दौरान होली का एक गाना शूट किया जाएगा. जानकारी के मुताबिक इसकी शूटिंग मुंबई के एक स्टूडियो में होगी और गाना तीन दिन में खत्म होगा. फिल्म का पहला शेड्यूल 11 दिनों का होगा और इसके बाद पूरी टीम पंजाब जायेगी जहां फिल्म के अहम हिस्से फिल्माये जाएंगे. भारत में दिशा पटानी, तब्बू, सुनील ग्रोवर और आसिफ शेख भी कास्ट किये गए हैं. सलमान खान के बहनोई अतुल अग्निहोत्री के प्रोडक्शन में बनने वाली ये फिल्म दक्षिण कोरिया की फिल्म ‘ओड टू माय फादर’ का हिंदी वर्जन है. फिल्म अगले साल ईद के मौके पर रिलीज होगी.

बताते चलें कि, प्रियंका चोपड़ा ने साल 2016 में प्रकाश झा की फिल्म जय गंगाजल में काम किया था और उसके बाद वो अमेरिका चली गई थीं. प्रियंका ने अमेरिका में टीवी शो क्वांटिको के तीन सीजन किये.

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