बतौर निर्माता जौन अब्राहम की पहली फिल्म ‘विकी डोनर’ की ब्लौकबस्टर सफलता ने सब को चौंका दिया था. इस फिल्म की सफलता से उत्साहित हो कर जौन ने फिल्म ‘मद्रास कैफे’ बनाई लेकिन इस बार उन्हें मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है.

गौरतलब है कि फिल्म को कुछ तमिल संगठनों ने बैन करने की मांग उठाई है. संगठनों के मुताबिक, यह फिल्म लिट्टे यानी लिबरेशन टाइगर्स औफ तमिल ईलम की गलत तसवीर पेश करती है, लिहाजा इस को प्रदर्शित न किया जाए. हालांकि जौन कह रहे हैं कि उन की फिल्म से किसी को ठेस नहीं पहुंचेगी.

 

आगे की कहानी पढ़ने के लिए सब्सक्राइब करें

डिजिटल

(1 साल)
USD99USD49
 
सब्सक्राइब करें

सरिता सब्सक्रिप्शन से जुड़ेें और पाएं

  • सरिता मैगजीन का सारा कंटेंट
  • देश विदेश के राजनैतिक मुद्दे
  • 7000 से ज्यादा कहानियां
  • समाजिक समस्याओं पर चोट करते लेख
 

डिजिटल + 24 प्रिंट मैगजीन

(1 साल)
USD150USD129
 
सब्सक्राइब करें

सरिता सब्सक्रिप्शन से जुड़ेें और पाएं

  • सरिता मैगजीन का सारा कंटेंट
  • देश विदेश के राजनैतिक मुद्दे
  • 7000 से ज्यादा कहानियां
  • समाजिक समस्याओं पर चोट करते लेख
  • 24 प्रिंट मैगजीन
और कहानियां पढ़ने के लिए क्लिक करें...