Interesting Facts: दुनिया का सब से महंगा मसाला केसर (सैफ्रौन) माना जाता है. यह केसर के फूल की बहुत पतली लाल रेशों जैसी कलियों से प्राप्त होता है. एक किलो केसर बनाने के लिए लगभग डेढ़ लाख से अधिक फूलों की जरूरत पड़ती है, इसलिए इसे तैयार करना बेहद मेहनत और समय का काम होता है. केसर का उपयोग खाने में स्वाद और रंग बढ़ाने के साथसाथ आयुर्वेदिक औषधियों में भी किया जाता है. इस की दुर्लभता और कठिन उत्पादन प्रक्रिया के कारण इस की कीमत बहुत अधिक होती है.

किताबों की खुशबू का रहस्य

पुरानी किताबों से आने वाली खुशबू कई लोगों को बहुत पसंद होती है. यह खुशबू दरअसल कागज, स्याही और समय के साथ होने वाली रासायनिक प्रक्रियाओं से पैदा होती है. जब कागज पुराना होता है तो उस से हलकी मीठी और मिट्टी जैसी खुशबू आने लगती है. इसलिए पुराने पुस्तकालयों की महक बहुत अलग महसूस होती है.

कार के शीशे का रहस्य

कार के सामने लगा शीशा सामान्य कांच से अलग होता है और इसे विशेष तकनीक से बनाया जाता है. इस कांच को सेफ्टी ग्लास या लैमिनेटेड ग्लास कहा जाता है. इस में कांच की 2 परतों के बीच एक पारदर्शी प्लास्टिक की परत लगाई जाती है. यदि दुर्घटना हो जाए तो यह शीशा बिखर कर छोटेछोटे खतरनाक टुकड़ों में नहीं टूटता, बल्कि दरारें पड़ने के बावजूद अपनी जगह पर ही चिपका रहता है. इस से कार में बैठे यात्रियों को गंभीर चोट लगने की संभावना कम हो जाती है और उन की सुरक्षा बनी रहती है.

दुनिया का पहला होटल

दुनिया का सब से पुराना होटल जापान में स्थित निशियामा ओनसेन केयुनकान माना जाता है. यह होटल वर्ष 705 ईसवी में बनाया गया था और आज भी चल रहा है. दिलचस्प बात यह है कि इसे लगभग 50 से भी अधिक पीढि़यों ने मिल कर संभाला है. सदियों से यहां आने वाले मेहमानों का पारंपरिक जापानी तरीके से स्वागत किया जाता है. यह होटल दुनिया की सब से पुरानी चलती हुई होटल सेवा का उदाहरण माना जाता है.

संदेशवाहक कबूतर

कबूतरों की दिशा पहचानने की क्षमता बहुत अद्भुत होती है. वे सैकड़ों किलोमीटर दूर छोड़ दिए जाने के बाद भी अपने घर का रास्ता ढूंढ़ लेते हैं. वैज्ञानिकों के अनुसार कबूतर पृथ्वी के चुंबकीय क्षेत्र, सूरज की दिशा और आसपास की पहचान को देख कर रास्ता तय करते हैं. इसी खास गुण के कारण पुराने समय में ‘संदेशवाहक कबूतर’ का उपयोग किया जाता था. युद्ध के समय और दूरदराज इलाकों में खबर पहुंचाने के लिए लोग कबूतरों के पैरों में छोटा सा कागज बांध कर संदेश भेजते थे. कई ऐतिहासिक घटनाओं में कबूतरों ने महत्त्वपूर्ण जानकारी पहुंचाने में बड़ी भूमिका निभाई थी.

क्रिकेट का सब से लंबा मैच

क्रिकेट के इतिहास में एक ऐसा टैस्ट मैच भी हुआ जो 9 दिन तक चला. यह मैच 1939 में इंगलैंड और दक्षिण अफ्रीका के बीच खेला गया था. फिर भी मैच का कोई नतीजा नहीं निकला और इसे ड्रा घोषित कर दिया गया. इसे क्रिकेट इतिहास का सब से लंबा मैच माना जाता है.

घोड़ों के गुण

घोड़े खड़ेखड़े भी आराम कर सकते हैं और हलकी नींद ले सकते हैं. उन के पैरों में एक विशेष प्रकार की मांसपेशी और लिगामैंट प्रणाली होती है, जिसे ‘स्टे अप्पारेट्स’ कहा जाता है. इस की वजह से वे बिना गिरे लंबे समय तक खड़े रह सकते हैं. जंगल में रहने वाले घोड़ों के लिए यह गुण बहुत उपयोगी होता है, क्योंकि खतरा महसूस होते ही वे तुरंत दौड़ सकते हैं. हालांकि, गहरी और पूरी नींद लेने के लिए घोड़े कभीकभी जमीन पर लेटते भी हैं. इस तरह उन की यह खास क्षमता उन्हें सुरक्षा और आराम दोनों प्रदान करती है. Interesting Facts

 

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