Sensational Crime: 20 जुलाई, 2026 को हरिद्वार जिले के थाना पथरी के गांव शिवगढ के प्रसिद्ध पथरेश्वर मंदिर के 2 साधु अचानक लापता हो गए थे. इन साधुओं के लापता होने पर रोजाना आने वाले श्रद्धालुओं ने पहले तो कोई विशेष ध्यान नहीं दिया, मगर जब शाम को उन दोनों साधुओं के शव मंदिर के पास दबे मिले तो यह मामला काफी रहस्यमयी व संगीन बन गया.
शवों के गड्ढों में दबे मिलने से क्षेत्र में सनसनी फैल गई. बात यह थी कि पिछले 11 सालों से मंदिर का महंत अखिल गिरी भी लापता था. सभी श्रद्धालु व महिलाएं जब सुबहशाम मंदिर में पूजाअर्चना करने आते थे तो वे महंत अखिल गिरी का आशीर्वाद ले कर धन्य हो जाते थे.
दोनों महंतों सेवा गिरी व पारस गिरी के शव मिलने पर जब पुलिस ने जांच की तो कई हैरतअंगेज खुलासे हुए. अखिल गिरी को पकड़ने के लिए स्थानीय पुलिस के साथसाथ एसओजी टीम व एसटीएफ को भी साथ में लगाया गया था. 2 दिन के बाद इन्हीं टीमों ने पास की ही दरगाह काठापीर के जंगल से अखिल गिरी को गिरफ्तार कर लिया. गिरफ्तार होने पर महंत अखिल गिरी ने सेवा गिरी व पारस गिरी की हत्या के पीछे की जो कहानी बताई, वह काफी सनसनीखेज थी.
अखिल गिरी ने पुलिस को बताया था कि गत एक साल से मंदिर में रहने वाले साधु उत्तम गिरी के साथ उस के समलैंगिक संबंध थे. यह बात दोनों महंतों सेवा गिरी व पारस गिरी को पता चल गई थी.
अब पारस गिरी व सेवा गिरी उसे मंदिर की गद्दी सौंपने के लिए ब्लैकमेल कर रहे थे. इस कारण वह काफी तनाव में चल रहा था.
तनाव से छुटकारा पाने के लिए उस ने 18 जुलाई, 2026 की रात को पहले सेवा गिरी व पारस गिरी को खूब शराब पिलाई, इस के बाद अपने दोस्तों राम मिलन, आशू व उत्तम गिरी के साथ मिल कर उन पर धारदार हथियारों से हमला भी कर दिया. दोनों की हत्या करने के बाद उन के शवों को पास में ही गड्ढा खोद कर दबा दिया था.
यह कहानी जहां एक ओर समाज में फैले अंधविश्वास पर प्रहार करती है तो दूसरी ओर आम जनता को ढोंगी साधुसंतों से सतर्क रहने का भी संदेश देती है. Sensational Crime
लंबी कहानी सत्यकथा के सितंबर अंक में पढ़ें





