Humanoid Robots China: चीन की टैक कंपनी शाओमी अब स्मार्टफोन और इलैक्ट्रिक कार के बाद एक और बड़ी टैक्नोलौजी रेस में उतर चुकी है. कंपनी का दावा है कि आने वाले कुछ सालों में चीन की फैक्ट्रियों में इंसानों की जगह ह्यूमनौइड रोबोट बड़ी संख्या में काम करते दिखाई देंगे. कंपनी अगले 5 साल में अपने प्रोडक्शन प्लांट्स में बड़ी संख्या में ऐसे रोबोट तैनात करने की योजना बना रही है. कई फैक्ट्रियों में ह्यूमनौइड रोबोट काम करते देखे भी जा रहे हैं. आने वाले समय में ये रोबोट्स मजदूर वर्ग को किनारे कर उन का सारा काम अपने कंधों पर ले लेंगे.
शाओमी ने हाल ही में अपनी औटोमोबाइल फैक्ट्री में ह्यूमनौइड रोबोट का ट्रायल शुरू किया है. इस टैस्ट के दौरान रोबोट ने बिना किसी इंसानी मदद के करीब 3 घंटे तक लगातार काम किया और कार असैंबली से जुड़े कई काम सफलतापूर्वक पूरे किए. इन रोबोट्स को कार के फ्लोर पर स्क्रू लगाना और छोटेछोटे पार्ट्स फिट करने जैसे काम दिए गए थे, जिन में करीब
90 प्रतिशत से ज्यादा सफलता दर देखने को मिली. शाओमी के मुताबिक इन रोबोट्स को इस तरह डिजाइन किया गया है कि वे फैक्ट्री के तेज प्रोडक्शन सिस्टम के साथ तालमेल बिठा सकें. कंपनी की कार फैक्ट्री में एक गाड़ी बनाने में लगभग 76 सैकंड लगते हैं. इन रोबोट को उसी गति के साथ काम करने के लिए ट्रैंड किया जा रहा है.
इन रोबोट्स के पीछे शाओमी का अपना एआई सिस्टम और रोबोटिक्स प्लेटफौर्म काम करता है. कंपनी ने इस के लिए विजन-लैंग्वेज-ऐक्शन मौडल और मल्टी मौडल एआई टैक्नोलौजी का इस्तेमाल किया है. इस से रोबोट न सिर्फ चीजों को पहचान सकता है बल्कि यह भी समझ सकता है कि उन्हें कैसे इस्तेमाल करना है. इसी वजह से रोबोट असैंबली लाइन में छोटेछोटे जटिल काम भी कर पा रहा है.
शाओमी पहले कंट्रोल्ड माहौल वाले इंडस्ट्रियल प्लांट में रोबोट को ट्रैंड करेगी, ताकि वे असली दुनिया के काम सीख सकें. बाद में इसी तकनीक को घरों और सर्विस सैक्टर में इस्तेमाल करने की योजना है. चीन इस समय आर्टिफिशियल इंटैलिजेंस और रोबोटिक्स को ले कर काफी आक्रामक रणनीति अपना रहा है. कई टैक कंपनियां और स्टार्टअप ह्यूमनौइड रोबोट विकसित कर रही हैं, जिन्हें मैन्युफैक्चरिंग से ले कर लौजिस्टिक्स तक के कामों में लगाया जा सकता है.
ह्यूमनौइड रोबोटों का आगमन केवल एक तकनीकी घटना नहीं है, बल्कि यह सामाजिक और आर्थिक व्यवस्था के सामने एक बड़ा सवाल भी खड़ा करता है. क्या भविष्य की फैक्ट्रियों में इंसानों के लिए जगह बचेगी या फिर उत्पादन की मशीनें इतनी ‘स्मार्ट’ हो जाएंगी कि इंसान बेकार घोषित कर दिए जाएंगे? Humanoid Robots China





