Dhurrandhar Movie: अभिनेत्री दीपिका पादुकोण से शादी कर के रणवीर सिंह काफी अरसे तक खाली बैठा रहा. उस की फिल्म ‘सर्कस’ का बुरा हाल हुआ. अब जा कर ‘धुरंधर’ फिल्म लोगों को खूब पसंद आई. यह एक भारतीय जासूस के बारे में बेसिरपैर की प्रचारात्मक फिल्म है जो पाकिस्तान में घुसपैठ करता है.

इस फिल्म को पाकिस्तान के साथसाथ कुछ खाड़ी देशों में भी बैन कर दिया गया. भक्त लोगों ने इसे देख कर देश की वाहवाही खुदबखुद करनी चाही.

अब एक साल के अंदर ही ‘धुरंधर’ की सीक्वल ‘धुरंधर-2’ रिलीज हो चुकी है. पहली ‘धुरंधर’ ने 772.25 करोड़ रुपए की कमाई कर ली थी. ‘धुरंधर-2’ का निर्देशन भी आदित्य धर ने किया है. रणवीर सिंह और आर माधवन अभिनीत यह फिल्म 26/11 के हमलों का बदला लेने और कराची के अंडरवर्ल्ड में घुसपैठ करने वाले एक भारतीय एजेंट की कहानी है जो पहले भाग की घटनाओं को आगे बढ़ाती है.

आदित्य धर ने जो एक खास तरह का नेरैटिव पेश किया है, उस के चलते एक फिल्मकार के तौर पर वे अपनी क्रेडीबिलिटी खो बैठे हैं. पूरी फिल्म पुरुष प्रधान होने के साथ ही पितृसत्तात्मक सोच की ही बात करती है. फिल्म में कुछ नारी पात्र हैं, जो महज खिलौने के अतिरिक्त कुछ नहीं. फिल्मकार के अनुसार, जो इंसान ‘नया भारत’ के सशक्त नारे से असहमत है, वह पाकिस्तान द्वारा वित्त पोषित भारतीय गुट का हिस्सा हैं, जिस में गैरसरकारी संगठनों से ले कर नक्सली तक शामिल हैं. क्या इस तरह का नेरैटिव मनोरंजन के नाम पर किसी फिल्म में चित्रित किया जाना चाहए?

फिल्म की शूटिंग पंजाब, चंडीगढ़, महाराष्ट्र, लद्दाख, थाईलैंड में हुई. कुछ क्षेत्रों को पाकिस्तान में फिल्माए गए दृश्यों के लिए भी इस्तेमाल किया गया. ऐक्शन पहले भाग से दोगुना है. इस सीक्वल को साउथ में डब कर के तमिल, तेलुगू, कन्नड़ और मलयालम में भी रिलीज किया गया है. ‘धुरंधर : द रिवेंज’ औपरेशन धुरंधर के तहत पाकिस्तान भेजे गए हमजा अली मजारी उर्फ जसकीरत सिंह रंगी (रणवीर सिंह) द्वारा वहां जा कर देश के लिए लिए गए बदले की कहानी है.

फिल्म की कहानी हमजा अली की जिंदगी के फ्लैशबैक से शुरू होती है, जब वह जसकीरत सिंह रंगी था. अपने साथ हुए अन्याय का बदला लेने के लिए उसे जसकीरत से हमजा बनना पड़ा. इस के बाद फिल्म की कहानी वहीं से शुरू होती है जहां से पहले भाग की कहानी खत्म हुई थी. हमजा मुंबई पर हमले में आईएसआई की मदद करने वाले रहमान डकैत (अक्षय खन्ना) को मार कर ल्यारी का बेताज बादशाह बन चुका है. अब उस का मकसद इकबाल मेजर (अर्जुन रामपाल) भारत में नकली नोट चलाने वाले खनानी ब्रदर्स और इन के आका बड़े साहब को सबक सिखाना है. लेकिन इस में तमाम दिक्कतें हैं.

क्लाइमैक्स में हमजा (रणवीर सिंह) पाकिस्तान में मेजर इकबाल (अर्जुन रामपाल) के एलईटी कैंप को बलोच सैनिकों की मदद से तबाह कर देता है. रोंगटे खड़े कर देने वाली फाइट के बाद हमजा को पाकिस्तानी सेना गिरफ्तार कर लेती है लेकिन अजय सान्याल (आर माधवन) की मदद से वह सुरक्षित वापस आ जाता है.

फिल्म पूरी तरह प्रोपेगंडा करती है कि हमारी गुप्तचर एजेंसियां बहुत सक्रिय हैं और दुश्मनों के घरों में घुस कर तहलका मचा सकती हैं. इस फिल्म में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भी परदे पर दिखे हैं. उन्हें नोटबंदी के दौरान टीवी पर भाषण देते दिखाया गया है मानो उन्होंने नोटबंदी कर के बहुत बड़ा महान कार्य कर लिया है. नोटबंदी के दौरान जनता को जो परेशानियां ?ोलनी पड़ीं उन्हें दिखाते तो फिल्म निर्माता की हिम्मत मानते. आदित्य धर ने ‘धुरंधर 2’ में आज तक का सब से बड़ा खुलासा करते हुए हर भारतीय को बताया दिया है कि भारत में नोटबंदी की असली वजह क्या थी? फिल्म कहती है कि उत्तर प्रदेश का गैंगस्टर अतीक अहमद आईएसआई एजेंट था, उस तक नकली नोट न पहुंचे, इसलिए नरेंद्र मोदी ने 2016 में नोटबंदी की. फिल्म में मोदी का लंबाचौड़ा भाषण भी है.

एक खास नैरेटिव पेश करने के चक्कर में फिल्मकार ने इस में सरकार समर्थक प्रचार के साथ द्वेष का मिश्रण इस तरह पेश किया है कि ‘कला’ पर सवाल खड़े हो जाते हैं. 2016 की नोटबंदी को कई एक्सपर्ट गलत बता चुके हैं, पर आदित्य धर ने इसे बेहतरीन कदम के रूप में प्रचारित करने में अपनी तरफ से कोई कसर बाकी नहीं रखी. यह फिल्म की पोल खोलती है कि यह क्यों बनाई गई और कौन से दर्शक इसे देखने जा रहे हैं. यह दूसरा पार्ट पश्चिम बंगाल वगैरह के चुनावों के पहले जानबूझ कर रिलीज किया गया है.

बैकग्राउंड म्यूजिक प्रभावशाली है. फिल्म में कुछ पुराने गाने सुनाई देते हैं. रणवीर सिंह एक बार फिर प्रभावशाली नजर आया है. आर माधवन का किरदार भी विश्वसनीय है. संजय दत्त, अर्जुन रामपाल अपनीअपनी भूमिकाओं में फिट हैं. सिनेमेटोग्राफी अच्छी है. फिल्म के अंत में एक संवाद है- ‘बलिदान देने से बड़ा कोई धर्म नहीं होता.’ यह फिल्म प्रधानमंत्री मोदी की बात का समर्थन करती है कि यह नया भारत है, घर में घुस कर मारेगा यानी कि एक और एजेंडा फिल्म.

Dhurrandhar Movie

 

और कहानियां पढ़ने के लिए क्लिक करें...