फ्लाइट से यात्रा करने वालों के लिए एक खुशखबरी है. दरअसल डिपार्टमेंट ऑफ टेलिकम्यूनिकेशन  ने हवाई यात्रा के दौरान सेल्यूलर सर्विसेज को इस्तेमाल करने की इजाजत दे दी है.

जिससे यात्री फ्लाइट के दौरान भी इंटरनेट और कौल्स का इस्तेमाल कर पाएंगे. यह सुविधा अक्टूबर माह से शुरू होगी.

सारी गाइडलाइन्स डिपार्टमेंट ऑफ टेलिकम्यूनिकेशन ने टेलिकॉम रेग्यूलेटरी की सिफारिशों को ध्यान में रखते हुए ही बनाई हैं. प्लान पूरा होते ही इस सर्विस को लौ मिनस्ट्री से  2 हफ्तों में सहमति मिल जाएगी.

भारतीय फ्लाइट ऑपरेटर्स भी फ्लाइट के दौरान इन्टरनेट और कौल सर्विस उपलब्ध कराने के पक्ष में है. हालांकि, इसके लिए कोई अतिरिक्त चार्ज लिया जाएगा या नहीं इसकी फिलहाल कोई जानकारी नहीं है.

यह अनुमान लगाया गया है कि इस सर्विस के लिए सामान्य शुल्क से ज्यादा चार्ज लिया जाएगा. इसके लिए एयरलाइंस शुरुआती दौर में निवेश भी करेंगी.

भारतीय ऑपरेटर्स के लिए यह तकनीक शुरू करना इतना आसान नहीं होगा. एक एग्जीक्यूटिव की मानें तो हर एयरक्राफ्ट को करीब 1 मिलियन डॉलर के निवेश की आवश्यकता होगी. वहीं, सर्विस को फ्लाइट में शुरु करने के लिए लगभग 10 दिनों का समय लगेगा.