Parenting Teenagers : उसे खुद पर किया हुआ मजाक जरा भी पसंद नहीं आता और वह नाराज हो जाता है. पति तो औफिशियल टूर पर ज्यादातर बाहर रहते हैं. बेटे के सारे नखरे मां के नाते मुझे ही उठाने पड़ते हैं. उस के चिड़चिड़ेपन से कई बार बहुत परेशान हो जाती हूं. क्या करूं?

जवाब : 16 साल की उम्र में बच्चे अकसर संवेदनशील हो जाते हैं. अपने बेटे से शांत माहौल में बात करें. हो सकता है कि उस के मन में कोई दबाव, चिंता या असुरक्षा हो, जिसे वह ठीक से व्यक्त नहीं कर पा रहा हो. फ्रैंडली हो कर उस से बात करें.

हालांकि आप के पति ज्यादातर बाहर रहते हैं, फिर भी उन्हें इस स्थिति से अवगत कराएं. अगर संभव हो तो वीडियो कौल के जरिए बेटे से नियमित रूप से बात करवाएं. उस से बेटे को एहसास होगा कि वे भी उस की परवा करते हैं. पिता की मौजूदगी उसे इमोशनली स्टेबल करने में मदद कर सकती है.

अगर उसे अपने ऊपर मजाक पसंद नहीं तो घर में यह नियम बना दें कि कोई भी किसी का अपमानजनक मजाक नहीं उड़ाएगा, खासकर उस के सामने. उसे सुरक्षित महसूस कराना जरूरी है.

उस की दिनचर्या तय करें. नियमित नींद, संतुलित भोजन, मोबाइल, वीडियो गेम की सीमित समयसीमा और थोड़ीबहुत शारीरिक गतिविधि जैसे मौर्निंग वाक या साइक्ंिलग से उस के मूड में सुधार हो सकता है.

आप हर समय उस के मूड को संभाल नहीं सकतीं. आप एक मां हैं लेकिन एक इंसान भी हैं. जब बहुत तनाव लगे तो थोड़ी देर खुद को समय दें. किताब पढ़ें, किसी दोस्त से बात करें, टहलने जाएं.

आगे की कहानी पढ़ने के लिए सब्सक्राइब करें

डिजिटल

(1 साल)
USD48USD10
 
सब्सक्राइब करें

सरिता सब्सक्रिप्शन से जुड़ेें और पाएं

  • सरिता मैगजीन का सारा कंटेंट
  • देश विदेश के राजनैतिक मुद्दे
  • 7000 से ज्यादा कहानियां
  • समाजिक समस्याओं पर चोट करते लेख
 

डिजिटल + 24 प्रिंट मैगजीन

(1 साल)
USD150USD120
 
सब्सक्राइब करें

सरिता सब्सक्रिप्शन से जुड़ेें और पाएं

  • सरिता मैगजीन का सारा कंटेंट
  • देश विदेश के राजनैतिक मुद्दे
  • 7000 से ज्यादा कहानियां
  • समाजिक समस्याओं पर चोट करते लेख
  • 24 प्रिंट मैगजीन
और कहानियां पढ़ने के लिए क्लिक करें...