कोई सरपंच थीं, तो कोई पति की मृत्यु के बाद राजनीति में आईं, कोई साधारण परिवार से थीं, तो कोई राजनीतिक घराने से, मंत्रिमंडल में शामिल 7 महिला मंत्री कौन हैं, उन्हें कौन सा पदभार मिला है जानें

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मोदी मंत्रिपरिषद के इन महिला चेहरों में कुछ से लोग बहुत वाकिफ नहीं हैं। 16वीं लोकसभा मोदी 1.0 में महिला मंत्रियों की संख्या 8 थी. 17 वीं लोकसभा मोदी 2.0 में यह संख्या 6 हो गई और इस बार पीएम नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में बनी एनडीए सरकार में सात महिला मंत्री हैं। आइए एक-एक कर इनसे परिचय करें और जानें कि जनसेवा के लिए इन्हें कौन सा पद सौंपा गया है.

1 निर्मला सीतारमण: मोदी सरकार में निर्मला सीतारमण जैसा किस्मत का धनी शायद ही कोई हो. 2014 में पहली बार मोदी मंत्रिमंडल में उन्होंने रक्षा मंत्री का पदभार संभाला, वहीं दूसरी बार वित्त मंत्री का कार्यभार सौंपा गया. इस बार फिर वित्त मंत्रालय संभाल रही हैं. संसद का मानसून सेशन 22 जुलाई को शुरू होगा और तब फाइनेंस मिनिस्टर निर्मला सीतारमण 2024-25 फाइनेंशिअल ईयर के लिए पूर्ण बजट पेश करेंगी. इस यूनियन बजट को पेश करने के साथ ही वह लगातार 7 बजट पेश करने वाली वित्त मंत्री बन जाएगीं. इनके पहले मोरारजी देसाई ने 5 पूर्णकालिक और एक अंतरिम बजट पेश किया था.
ये भी जानें - 2019 में जब मोदी सरकार दोबारा सत्ता में आई, तो निर्मला सीतारमण ने ट्रेडिशनल ब्रीफकेस को बही खाते से रिप्लेस किया.

 

2 अनुप्रिया पटेल  -
अनुप्रिया पटेल मोदी सरकार में पहले भी केंद्रीय राज्य मंत्री के रूप जिम्मेदारी संभाल चुकी हैं। इस बार उनको दो मंत्रालयों में केंद्रीय राज्यमंत्री का दायित्व दिया गया है। स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्रालय में राज्य मंत्री के साथ अनुप्रिया को रसायन और उर्वरक मंत्रालय में भी राज्य मंत्री की जिम्मेदारी दी गई है। अनुप्रिया पटेल, अपना दल के संस्थापक सोनेलाल पटेल की बेटी हैं. साइकोलौजी में मास्टर्स की डिग्री के साथ अनुप्रिया ने एमबीए भी किया है. यूपी के मिर्जापुर से सांसद अनुप्रिया को तीसरी बार राज्यमंत्री का पदभार मिला है. वर्तमान सरकार में उनको पहली बार दो मंत्रालय की जिम्मेदारी मिली है।
ये भी जानें  -अपना दल प्रमुख अनुप्रिया पटेल ज्यादा चर्चा में रहने से बचती हैं. लेकिन फिर भी कुछ विवाद उनका पीछा नहीं छोड़ते, जैसे 2014 में विधानसभा उपचुनाव को लेकर उनका मां कृष्णा पटेल से विवाद हो गया था. इसके बाद मां ने बेटी और उसके समर्थकों को पार्टी से निकाल बाहर किया. उसके बाद अपना दल पार्टी दो धड़ों में बंट गई. अपना दल (एस) अनुप्रिया पटेल की पार्टी है.  2014 में बीजेपी के साथ गठबंधन करने के बाद वह यूपी के मिर्जापुर से पहली बार सांसद बनी थी. 

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