तर्कवादी, स्वतंत्र विचारक और पत्रकार गौरी लंकेश की हत्या के बाद देश भर में एक बार फिर कट्टरपंथ हिंदुत्व निशाने पर है. गौरी की हत्या के खिलाफ दिल्ली, बंगलुरु, लखनऊ, मुंबई, हैदराबाद, पटना जैसे शहरों में प्रदर्शन शुरू हो गए. इस हत्या को नरेंद्र दाभोलकर, गोविंद पानसरे, एमएम कलबुर्गी की  हत्या की अगली कड़ी के रूप में देखा जा रहा है. हत्या पर सत्ता मौन है.

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