Physical Relationship: असल में, हमारे बीच फिजिकल रिलेशन को ले कर सोच अलग है. मैं मानता हूं कि यह किसी भी रिलेशनशिप का एक जरूरी हिस्सा होता है, जिस से पार्टनर्स के बीच नजदीकी और समझ बढ़ती है लेकिन मेरी पार्टनर इस मामले में अभी सहज नहीं है. वह कहती है कि वह अभी इस के लिए तैयार नहीं है. समय के साथ मुझे लगने लगा कि शायद वह मुझ से उतनी कनैक्ट नहीं है जितना मैं उस से हूं.
अब हालात ऐसे हो गए हैं कि हमारे बीच पहले जैसी गर्मजोशी नहीं रही. मैं उस से बहुत प्यार करता हूं और उसे खोना नहीं चाहता, लेकिन मेरी अपनी जरूरतें और भावनाएं भी हैं. मैं कन्फ्यूज्ड हूं कि क्या मैं गलत सोच रहा हूं या फिर हमें इस रिश्ते के बारे में गंभीरता से दोबारा सोचना चाहिए?
हर इंसान की सोच, भावनाएं और कन्फर्ट लैवल अलग होता है, खासकर फिजिकल रिलेशन जैसे विषय में. आप की पार्टनर का अभी सहज न होना यह नहीं दिखाता कि वह आप से प्यार नहीं करती, बल्कि यह उस की पर्सनल फीलिंग्स और सीमाओं का हिस्सा है.
किसी भी रिश्ते में फिजिकल नजदीकी तभी अच्छी होती है जब दोनों पार्टनर अपनी इच्छा से और पूरी तरह कन्फर्टेबल हों. अगर इस बात में जल्दबाजी या दबाव डाला जाए तो इस से रिश्ता और ज्यादा कमजोर हो सकता है. इसलिए सब से जरूरी है कि आप उन की भावनाओं का सम्मान करें, उन्हें समय दें.
साथ ही, यह भी जरूरी है कि आप अपनी फीलिंग्स को दबा कर न रखें. शांत तरीके से, बिना किसी दबाव या आरोप के उन से खुल कर बात करें. उन्हें बताएं कि आप कैसा महसूस करते हैं.
आगे की कहानी पढ़ने के लिए सब्सक्राइब करें
डिजिटल
सरिता सब्सक्रिप्शन से जुड़ेें और पाएं
- सरिता मैगजीन का सारा कंटेंट
- देश विदेश के राजनैतिक मुद्दे
- 7000 से ज्यादा कहानियां
- समाजिक समस्याओं पर चोट करते लेख
डिजिटल + 24 प्रिंट मैगजीन
सरिता सब्सक्रिप्शन से जुड़ेें और पाएं
- सरिता मैगजीन का सारा कंटेंट
- देश विदेश के राजनैतिक मुद्दे
- 7000 से ज्यादा कहानियां
- समाजिक समस्याओं पर चोट करते लेख
- 24 प्रिंट मैगजीन





