सरिता विशेष

दुनिया में कई बड़ीबड़ी कंपनियों ने अलगअलग तरह के साईफाई औफिस बना कर सब को सकते में डाल दिया है. ये औफिस दिखने में खूबसूरत तो हैं ही साथ ही इन में काम करने का मजा भी दोगुना है. जानिए कैसे हैं ये नायाब औफिस.

अब वह जमाना गया जब दफ्तर के नाम पर लोगों को लकड़ी की कुरसीमेज और छत पर लटके खड़खड़ की आवाज करते पंखों को झेलना पड़ता था. अब तो कई सरकारी दफ्तर भी चमकदमक और रोशनी से भरे आधुनिक स्टाइल में नजर आते हैं. अपने देश के शहरों में पोस्ट औफिस और सरकारी बैंकों के औफिसों को भी हाल के वर्षों में काफी चमकाया गया है, पर जब बात निजी कंपनियों, खासतौर से इंटरनैट के कामकाज से जुड़ी कंपनियों के दफ्तर की हो, तो इस मामले में वे सब से आगे हैं. हाल यह है कि कई नामीगिरामी कंपनियों ने अपने प्रमुख दफ्तरों को कुछ देशों की संस्कृतियों और पर्यावरण की झलक देने के हिसाब से डिजाइन किया है. कुछ उन के जरिए अंतरिक्ष तक की झलक देने का प्रयास कर रही हैं. ऐसी कंपनियों में इंटरनैट कंपनी गूगल सब से आगे है.

सब कुछ खोजते गूगल के दफ्तर

गूगल की खासीयत यह है कि जिन देशों में उस के दफ्तर हैं, उन में से हरेक कुछ हट कर है. हर औफिस किसी न किसी थीम पर बनाया गया है. जैसे एम्सटर्डम स्थित इस के मुख्यालय के औफिस का डिजाइन नीदरलैंड्स की संस्कृति पर आधारित है. इस में एक विशाल कमरा मैडिटेशन के लिए बनाया हुआ है. इस में 70 सीटों वाला एक औडिटोरियम है. दफ्तर में इस बात का खास खयाल रखा गया है कि वहां भरपूर प्रकाश और हवा रहे, साथ ही कर्मचारियों को भी व्यायाम और आराम करने के लिए पर्याप्त स्पेस मिल सके.

गूगल का लंदन स्थित दफ्तर किसी स्पेस स्टेशन की थीम पर बना हुआ है, जो पृथ्वी पर ही अंतरिक्ष में उपस्थिति का एहसास कराता है. इसी प्रकार कुछ अन्य देशों में बने गूगल के दफ्तर पर्यावरण से नजदीकी दर्शाते हैं, जैसे डबलिन हैडक्वार्टर जंगल की थीम पर डिजाइन किया गया है. तेल अवीव स्थित इस के एक अन्य मुख्यालय में भूमध्यसागर का शानदार नजारा देखने को मिलता है.

स्पेस से एप्पल का लगाव

कंप्यूटर और मोबाइल फोन बनाने वाली दुनिया की नंबर वन कंपनी एप्पल कैलिफोर्निया (अमेरिका) के कुपरटिनो में 175 एकड़ जमीन पर जो विशालकाय औफिस बना रही है, उसे ‘स्पेसशिप प्रोजैक्ट’ नाम से पहचाना जा रहा है. इसे दुनिया में अब तक का सर्वाधिक पर्यावरण हितैषी प्रोजैक्ट भी कहा जा रहा है. उड़नतश्तरी की तरह दिखने वाली औफिस की यह इमारत कुल मिला कर 28 लाख वर्गफुट क्षेत्रफल में फैली होगी. इस भीमकाय कैंपस में13 हजार लोग एकसाथ काम कर सकेंगे. इस की मुख्य इमारत एक मील के दायरे में फैली होगी. इस इमारत में करीब 3 लाख वर्गफुट की जगह शोध संबंधी कार्य और पार्किंग के लिए छोड़ी जा रही है.

फेसबुक में तकनीक का बेजोड़ मेल

कैलिफोर्निया में ही फेसबुक कंपनी भी अपने खास दफ्तर के लिए पहचानी जाती है. इस औफिस में कर्मचारियों को काम करने के लिए काफी खुली जगह उपलब्ध कराई गई है. सिर्फ काम ही नहीं बल्कि आराम करने के लिए भी यहां बाकायदा स्पेस बनाया गया है. इस बिल्डिंग में कर्मचारियों को स्केटरिंग और डीजे तक की सुविधा भी उपलब्ध कराई गई है. कैलिफोर्निया के अलावा फेसबुक का मेनलो पार्क स्थित मुख्यालय भी आधुनिक कला और शहरी तकनीक का बेजोड़ नमूना है. फेसबुक का ध्येय अपने दफ्तरों की डिजाइन के जरिए यह संदेश देना है कि कर्मचारियों और वहां आनेजाने वालों को यह एहसास हो कि वे फेसबुक से संबंधित जगह पर हैं. साथ ही स्थानीय वातावरण का भी खयाल रखा जाता है,जैसे हैदराबाद स्थित फेसबुक के दफ्तर में चारमीनार की पेंटिंग प्रमुखता से लगाई गई है.

पेंटहाउस औफिस

नीदरलैंड्स स्थित यह दफ्तर नक्काशीदार कांच का बना है. इस दोमंजिला इमारत से आप मास नदी के अलावा शहर के खूबसूरत तटों का नजारा भी देख सकते हैं.

ड्रौपबौक्स की अंदरूनी सजावट

अमेरिका के सैन फ्रांसिस्को में ड्रौपबौक्स कंपनी का मुख्यालय है. मुख्यालय की इस इमारत की खास बात यह है कि इस की अंदरूनी साजसज्जा कर्मचारियों के मूड के हिसाब से डिजाइन की गई है. इमारत का एक हिस्सा इटैलियन ओपेरा हाउस जैसा बनाया गया है, तो दूसरे हिस्से में जापानी कंपनियों के बोर्डरूम जैसी सज्जा की गई है. खास बात यह है कि इमारत को डिजाइन करने से पहले कंपनी ने अपने कर्मचारियों से हर घंटे के हिसाब से अपना अनुभव और जरूरतें बताने को कहा. इस तरह जो सुझाव मिले, उन्हें इमारत को डिजाइन करते वक्त ध्यान में रखा गया. इस तरह यह दफ्तर किसी सिटी प्लाजा जैसा नजर आता है, जिस में एक ही वक्त में लोगों को सार्वजनिक और निजी उपस्थिति, दोनों अनुभव एकसाथ हो जाते हैं.

एयर बीएनबी, पूरी दुनिया के अनुभव

अमेरिका के सैन फ्रांसिस्को स्थित कंपनी के इस दफ्तर में दुनिया के कई स्थानों और घटनाओं की झलक देने की कोशिश की गई है. जैसे इस का मुख्य कौन्फरेंस रूम किसी जंग की तैयारियों का एहसास कराने वाले वार रूम की थीम पर बना है, जबकि इस के कैफे और हौटस्पौट मुंबई और काहिरा जैसे शहरों की झलक देते हैं.

सेलगस केनो

म्यूनिख स्थित इस का दफ्तर आधा जमीन के अंदर है. यह स्पेन के एक जंगल के बीचोंबीच स्थित है और यहां से प्रकृति का शानदार नजारा देखने को मिलता है.  

बानहोफ्स डाटा सैंटर, युद्धक्षेत्र की मिसाल

इस बहुराष्ट्रीय कंपनी ने स्वीडन की राजधानी स्टौकहोम में अपना भूमिगत डाटा सैंटर बनाया है. डाटा सैंटर में ग्रीनहाउस से ले कर झरने तक बनाए गए हैं. यहां जरमन पनडुब्बी के इंजन भी रखे हुए हैं, जो बिजली न होने की स्थिति में बैकअप पावर भी मुहैया कराते हैं,पर सब से खास बात यह है कि इस की इमारत में बैठे कर्मचारी हाइड्रोजन बम के हमले से भी सुरक्षित बच सकते हैं. इस की एक वजह है, असल में शीतयुद्ध के दौरान इस जगह को एक सैनिक अड्डे और ऐसे बंकर के रूप में विकसित किया गया था ताकि परमाणु हमले से बचा जा सके. जमीन से 30 मीटर नीचे स्थित इस दफ्तर में एक वक्त में 15 कर्मचारी और एक अधिकारी ही काम कर सकता है. इस दफ्तर को चूंकि युद्धशैली में विकसित किया गया था, इसलिए इस जगह को जेम्स बौंड फिल्मों के खलनायक के लिए भी मुफीद जगह बताया जाता है. इस दफ्तर में प्रवेश करने का दरवाजा 40 सैंटीमीटर (करीब 16 इंच) मोटी कंक्रीट का बना है, जो किसी भी हमले से सुरक्षित बचा सकता है.

नामी कंपनियों के हाईफाई दफ्तरों की लिस्ट में कुछ और नाम भी शामिल हैं, जिन्होंने औफिस के रूप में बेहतरीन नमूने पेश किए हैं. इन में कंपनी आर्कटिया का मुख्यालय सब से ऊपर आता है.

पानी में तैरता हैडक्वार्टर

फिनलैंड स्थित शिपिंग कंपनी आर्कटिया का हैडक्वार्टर पानी में तैरता हुआ है. यह हेलसिंकी हार्बर पर कंपनी के जहाजी बेड़े के पास ही बना है. यह इमारत पानी में तैरते ढांचे पर खड़ी है.

एडिडाज ‘लेसेज’

जरमनी स्थित कंपनी का यह कौंप्लैक्स दूर से देखने में ऐसे लगता है मानो जमीन से ऊपर टंगा हुआ हो. इस का बाहरी डिजाइन ब्लैक ऐंड व्हाइट स्ट्रैप्स से बना है, जो थर्मल कंट्रोल्ड ऐन्वायरमैंट देता है. बिल्डिंग के अलगअलग हिस्सों को जोड़ने वाले रास्ते ऐसे बनाए गए हैं जैसे वे लेसेज हों और पूरी बिल्डिंग को आपस में बांधे रखते हों.