अनुराग कश्यप की कंपनी ‘‘फैंटम फिल्मस’’ और एकता कपूर की ‘‘बालाजी मोशन पिक्चर्स’’ द्वारा निर्मित फिल्म अंततः सौ से अधिक कट के बाद ‘ए’ सर्टीफिकेट के साथ पाकिस्तान में रिलीज हो पाएगी. इससे पहले पाकिस्तान सेंसर बोर्ड की पांच सदस्यीय कमेटी ने फिल्म ‘‘उड़ता पंजाब’’ के पाकिस्तान में रिलीज होने पर बैन लगा दिया था. मगर जब फिल्म के वितरको ने दोबारा पाकिसतान के सेंसर बोर्ड का दरवाजा खटखटाया, तो पाकिस्तान फिल्म सेंसर बोर्ड की दस सदस्यीय कमेटी ने इस फिल्म को देखने के बाद फिल्म के कई आपत्तिजनक दृश्यों व संवादों को हटाने का आदेश जारी किया है.

पाकिस्तान फिल्म सेंसर बोर्ड के अध्यक्ष मुबाशीर हसन ने मीडिया से कहा है-‘‘हमने फिल्म में मौजूद अपमानजनक टिप्पणियों, पाकिस्तान के खिलाफ कहे गए संवाद और गालियों को मिलाकर पूरे 100 से अधिक कट दिए है. इनमें से कुछ दृश्यों को हटाना पडे़गा. कुछ संवादों को हटाना पड़ेगा. कुछ शब्दों की जगह ‘बीप’ रखने का आदेश दिया गया है. सेंसर बोर्ड के हमारे आदेश के अनुरूप इस फिल्म की पुनः एडीटिंग करने के बाद हमारे पास फिल्म सबमिट की जाएगी, तब हम इसे प्रदर्शित करने के लिए ‘ए’ सर्टीफिकेट देंगे. उसके बाद ही फिल्म प्रदर्शित हो सकेगी.

अभिषेक चौबे निर्देशित फिल्म ‘‘उड़ता पंजाब’’ इससे पहले भारत में सेंट्रल बोर्ड ऑफ फिल्म सर्टीफिकेशन में भी फंस चुकी थी. भारत में सेंट्रल बोर्ड ऑफ फिल्म सर्टीफिकेशन ने इस फिल्म में मूल 13 कट बताए थे, जिसके खिलाफ निर्माता अदालत जाकर अपनी फिल्म को एक कट और तीन डिस्केलमर अलग से लगाकर 17 जून को रिलीज कर पाए. पर यह फिल्म पाकिस्तान में रिलीज नहीं हो पा रही थी.

सूत्रों के अनुसार अनुराग कश्यप और पाकिस्तान के फिल्म वितरकों ने पाकिस्तान के फिल्म सेंसर बोर्ड के आगे घुटने टेकते हुए फिल्म में आवश्यक एडीटिंग दुबई में करने वाले हैं. उसके बाद यह फिल्म पुनः पाकिस्तान फिल्म सेंसर बोर्ड के सामने पेश की जाएगी. तब इसे प्रमाणपत्र मिल पाएगा.

पाकिस्तानी फिल्म सेंसर बोर्ड के अध्यक्ष मुबाशिर हसन ने मीडिया से कहा है-‘‘हम कभी भी पाकिस्तान के खिलाफ या इस्लाम के खिलाफ या समाज के खिलाफ कहीं जाने वाली बातों पर समझौता नहीं कर सकते. जिन फिल्मों में इस तरह की बातें या दृश्य होते हैं, हम उन्हें बैन कर देते हैं. फिल्म ‘उड़ता पंजाब’ के वितरकों की खास मांग पर हमारी कमेटी ने इस फिल्म को देखकर 100 से अधिक कट के साथ रिलीज करने का प्रमाणपत्र देने का निर्णय लिया है.’’