सरिता विशेष

हाल ही में गुलजार ने अपनी दों फिल्मों को मिलाकर एक नया नाटक लिखा, जिसे सलीम आरिफ ने निर्देशित किया. शायद उसी से प्रेरित होकर रंगकर्मी व फिल्म निर्देशक फिरोज अब्बास खान ने के.आसिफ की 1960 में प्रदर्शित संगीत प्रधान प्रेम कहानी वाली फिल्म ‘‘मुगल ए आजम’’ पर आधारित नाटक तैयार किया है. ज्ञातब्य है कि इस फिल्म में दिलीप कुमार और मधुबाला की चर्चित जोड़ी थी.

यूं तो फिरोज अब्बास खान अनिल कपूर निर्मित फिल्म ‘‘गांधी माई फादर’’ भी निर्देशित कर चुके हैं. मगर थिएटर की दुनिया में उनकी तूती बोलती है. वह थिएटर पर ‘‘तुम्हारी अमृता’’, ‘‘सेल्समैन रामलाल’’, ‘‘महात्मा वर्सेस गांधी’’ जैसे कई सर्वाधिक सफल व चर्चित नाटकों का निर्देशन कर चुके हैं.

अब फिरोज अब्बास खान मौलिक फिल्म को ट्रिब्यूट देने के लिए ‘मुगल ए आजम’ पर एक ब्राडवे स्टाइल का नाटक करने जा रहे हैं. वह मुंबई के एनसीपीए में 21 अक्टूबर से नवंबर के पहले सप्ताह तक हर दिन इस नाटक का मंचन करेंगे. उसके बाद दिसंबर माह में दो सप्ताह के लिए सिरी फोर्ट आडीटोरियम में हर दिन इस नाटक का मंचन होगा.

इस नाटक में फिल्म के आठ गाने भी होंगे, जो कि कथा को आगे बढ़ाएंगे. नाटक जगत में यह अपने आप में एक अनूठा प्रयोग होगा. इस सिलसिले में जब फिरोज अब्बास खान से बात हुई, तो उन्होंने कहा- ‘‘फिल्म ‘मुगल ए आजम’ एक नाटक ‘अनारकली’ से प्रभावित होकर बनी थी. के.आफिस ने इस नाटक के कुछ संवाद भी फिल्म में पिरोए थे. यही लेखन प्रतिभा पर निर्भर करता है कि अब किस कथा को किस रूप में पेश करते हैं.’’ इस नाटक के लिए कास्ट्यूम  मनीष मल्होत्रा ने तैयार किए हैं. जबकि नृत्य निर्देशक मयूरी उपाध्याय हैं.