सरिता विशेष

केंद्रीय मंत्री और लोजपा सुप्रीमो रामविलास पासवान और राजद सुप्रीमो लालू यादव के बीच सियासी अखाड़े में तो काफी पहले से ही जंग जारी थी और अब उनकी लड़ाई सोशल मीडिया पर भी देखने को मिल रही है. ट्विटर और फेसबुक पर दोनों एक दूसरे की बखिया उधेड़ने में लग गए हैं. यह जंग तब शुरू हुई, जब लालू ने अपने एक ट्वीट में बिहार को देश का सबसे अव्वल राज्य बताया था. पासवान के ट्विटर हैंडल से लालू के इस कमेंट को लाइक मिला. जबाब में लालू ने पासवान को ‘थैक्स’ लिखा. उसके बाद ही ट्वीट को लेकर बखेड़ा खड़ा हो गया.

पासवान ने कहा कि उन्होंने लालू जी के ट्वीट को लाइक नही किया है. उसके बाद उन्होंने एक ट्वीट करते हुए बिहार सरकार और लालू की जम कर खिंचाई कर डाली. उसी दिन लालू ने फेसबुक पर पासवान की क्लास लगा डाली और उसके साथ ही पासवान के ट्वीट की फोटो भी लगा दी.

पिछले 16 जुलाई को लालू ने ट्वीट किया था-‘तथाकथित विकसित राज्यों को बुरी तरह से पछाड़ते हुए बिहार 15.6 फीसदी विकास दर के साथ देश का अव्वल राज्य. कहां हैं मंगलराज वाले?’ जब लालू के इस ट्वीट को पासवान के ट्विटर हैंडल से लाइक मिला, तो लालू को बैठे-ठाले एक सियासी मसला हाथ लग गया.

17 जुलाई को लालू ने जबाब में लिखा-‘धन्यवाद पासवान जी. बिहार के अन्य विकसित राज्यों की तुलना में आगे बढ़ने के मेरे विचार से सहमत होने के लिए. उसके बाद 18 जुलाई को पासवान ने ट्वीट किया-‘बिहार में विकास की क्या बात की जाए? लालू, राबड़ी और नीतीश के राज में एक सूंई की पफैक्ट्री भी नहीं लगी. मैं लालू जी के ट्वीट को नहीं पढ़ता हूं, क्योंकि वे अपने बयानों को लेकर गंभीर नहीं रहते हैं. बिहार में कानून-व्यवस्था बेहद खराब है. लोग असुरक्षित महसूस कर रहे हैं.’

पासवान सफाई देते हुए कहते हैं कि अखबारों के जरिए पता चला कि मेरे ट्विटर अकाउंट से लालूजी के ट्वीट को लाइक किया गया है. यह बिल्कुल झूठ है या किसी की बदमाशी है. उनके जबाब में लालू कहते हैं कि पासवान के ट्विटर हैंडल ने उनके ट्वीट को लाइक किया है. इसे सबने देखा है. लालू कहते हैं कि जब पासवान का ‘लाइक’ नेशनल खबर बन गई, तो पासवान ने मेरे ट्वीट को अनलाइक किया और उसके बाद मेरे  एकाउंट को अनफौलो तक कर डाला. लालू हंसते हुए कहते हैं कि हम लोग पुराने जमाने के नेता हैं. हम तकनीक की चिड़ियां को अपने दिमाग के पिंजड़े में चाहे जितना भी बंद करना चाहें, वह काबू से बाहर हो ही जाती है.

उसके बाद लालू ने फेसबुक पर रामविलास पासवान के नाम एक चिट्ठी लिख कर दावा किया कि पासवान ने अपने ट्विटर एकाउंट से ही उनके ट्वीट को लाइक किया है. इसमें कौन सी बड़ी बात हो गई? बिहार आपका गृह राज्य है. आपने में मेरे कमेंट को लाइक कर यह जताया कि आपका दिल बिहारी है. इसलिए मैंने सार्वजनिक तौर पर शुक्रिया अदा कर दिया. अब आप भाजपा के दबाब में आकर इस बात से मुकर रहे हैं कि आपने मेरा ट्वीट लाइक नहीं किया. इससे यही साबित होता है कि एक बिहारी दिल पर राजनेता हावी हो गया है. याद कीजिए कि आपने इसी ट्विटर एकाउंट से 11 जून को मुझे जन्मदिन की बधाई दी थी. लालू ने पासवान को यह नसीहत भी दी है कि कभी-कभार राजनेता की मजबूरी से उपर उठकर अपनी जिम्मेवारी को निभाना बुरा नहीं होता है.

लालू के ट्वीट के लाइक करने को लेकर पासवान जहां सफाई-दर-सफाई दे रहे हैं वहीं लोजपा के कई नेता इस मामले को लेकर सड़कों पर उतर आए हैं. लोजपा प्रवक्ता कहते हैं कि  उनके नेता ने लालू जी के किसी एकाउंट को लाइक ही नहीं किया है. लालू फिजूल में इसे सियासी स्टंट बना रहे हैं. बिहार में जमीन पर रत्ती भर भी विकास नहीं दिख रहा है और महागठबंधन के नेता हवा में उड़ रहे हैं और जनता को भी उड़ा रहे हैं.