कहा जाता है कि शैंपू बालों के लिए अच्छा होता है, जोकि सच नहीं है. शैंपू के बजाय साबुन ज्यादा अच्छा होता है. शैंपू विभिन्न रसायनों का संयोजन है. यदि आप शैंपू का इस्तेमाल करना चाहती हैं तो ऐसे शैंपू का चुनाव करें जो सल्फेट रहित डिटर्जैंट बेस हो और पैराबेन प्रिजर्वेटिव्स से भी मुक्त हो.

यदि शैंपू को सही तरीके से नहीं धोती हैं, तो बालों की चमक और खूबसूरती खत्म हो जाएगी. बालों को सही आकार में बनाए रखने के लिए तेल लगाना भी बहुत महत्त्वपूर्ण है. नारियल तेल इस्तेमाल करना ठीक है, लेकिन यह गरमियों में ज्यादा अच्छा रहता है.

कुछ टिप्स से आप बालों के प्राकृतिक उपचार पा सकती हैं:

आयुर्वेदिक सिद्धांतों के अनुसार बालों पर तेल लगाना उन्हें मजबूती प्रदान करने और उन की क्वालिटी सुधारने का एक बेहतर तरीका है. लेकिन सही तकनीक और सही समय की जानकारी होनी चाहिए. कई महिलाएं सुबह के समय तेल लगाना पसंद करती हैं. यह सही नहीं है. सुबह के समय कभी तेल न लगाएं. यदि आप अपने बालों की क्वालिटी बेहतर बनाना चाहती हैं, उन्हें लंबा करना चाहती हैं, समय से पहले सफेद होने से रोकना चाहती हैं, दोमुंहे बालों से छुटकारा चाहती हैं, तो रात के समय बालों में तेल लगाएं. अगली सुबह बालों को कुनकुने पानी से धो लें.

तेल बालों की जड़ों (स्कैल्प) में लगाएं बालों पर नहीं.

नारियल के तेल में बालों से जुड़ी कई समस्याओं के समाधान हैं. इस का प्रयोग सिर पर तौलिया लपेट कर भाप ले कर करें. इस के लिए 15-20 मिनट का समय उपयुक्त होता है.

हमेशा कुनकुने पानी का प्रयोग करें. ठंडे मौसम में ठंडे पानी का प्रयोग बालों को नुकसान पहुंचा सकता है और इस से बाल सूखे, बेजान और कमजोर हो सकते हैं. वैसे अधिक गरम पानी सिर की त्वचा का तेल (सीबम) सोख लेता है, जिस से बाल और अधिक सूखे, बेजान व रूखे हो सकते हैं. इसलिए बालों को कुनकुने पानी से ही धोएं. बादाम, जोजोबा और जैतून के तेल को बेस औयल की तरह ले सकती हैं.

अरोमा थेरैपी का फौर्मूला

1 छोटा चम्मच बेस औयल, 2 बूंदें विटामिन ई औयल, 1 बूंद टी ट्री औयल, 1 बूंद पचौली औयल और 1 बूंद तुलसी का तेल मिला लें. इस का प्रयोग बालों की बनावट को बेहतर भी बनाएगा और मजबूत भी.

– आप चाहें तो बालों को भाप भी दे सकती हैं, लेकिन अगले दिन उन्हें धोना न भूलें.

– बालों की देखभाल में कंडीशनर की भूमिका को नजरअंदाज नहीं किया जा सकता. यह तौलिए से होने वाली क्षति से बालों को बचाता है. इसलिए जरूरत हो तो कंडीशनर का प्रयोग करें. साथ ही, इस बीच इस बात का भी ध्यान रखें कि लीव औन या बिल्ड औन कंडीशनर का प्रयोग न करें. इन में सिलिकौन औयल होता है. यह बालों पर गुरुत्वाकर्षण दबाव डालता है, जिस से आगे चल कर बालों की जड़ें और भी कमजोर हो जाती हैं.

– ऐसे कंडीशनर का प्रयोग करें, जो बालों को धोते समय अच्छी तरह निकल जाए और साथ ही जिस में प्राकृतिक सामग्री का प्रयोग किया गया हो.

– 1 चम्मच दही, 1 चम्मच आंवला, 1 चम्मच शिकाकाई, 1/2 चम्मच तुलसी, 1/2 चम्मच पुदीना, 1/2 चम्मच मेथी को अच्छी तरह मिला कर बालों पर लगाएं.

– अंडे के सफेद भाग को शैंपू के साथ मिला कर बालों पर लगा सकती हैं.

कुछ अन्य सुझाव

सही अनुपात में भोजन करने से पर्याप्त विटामिन, खनिज और पोषक तत्त्व मिलते हैं, जिस से शरीर और दिमाग मजबूत व तंदुरुस्त होता है. सही खाने से विभिन्न प्रकार के रोगों से बचने और सेहत को होने वाले नुकसान से बचाव होता है. बालों की बनावट को बनाए रखने में भी मदद मिलती है यानी बाल अच्छे चाहिए तो आप का भोजन भी संतुलित होना चाहिए. सेहतमंद खाना खाएं, जो विटामिन एच, बी5, विटामिन के, विटामिन बी12 से भरपूर हो.

अंडे प्रोटीन प्राप्त करने का उच्च दर्जे का स्रोत हैं और साथ ही इन में कई प्रकार के आवश्यक विटामिन व खनिज भी होते हैं. थोड़ी मात्रा में कैलोरी भी होती है. स्वस्थ बालों के लिए अंडे का सफेद भाग खाएं. यह रूसी दूर करने और रूखे बालों से भी छुटकारा दिलाने में मदद करता है. इस में दोमुंहे बालों से लड़ने की भी क्षमता होती है.

सप्ताह में 3 बार सलाद के साथ अंकुरित अनाज खाएं. सलाद में नमक नहीं होना चाहिए. सलाद लेने के डेढ़ घंटे बाद थोड़ी मात्रा में नीबू का रस और पुदीने की चटनी खानी काफी फायदेमंद होगी.

सुबह की सैर और व्यायाम विटामिन डी पाने के लिए जरूरी है. सुबह के समय टहलने से तनावमुक्त वातावरण का लाभ लेने में मदद मिलती है. सुबह की सैर से भविष्य में बिना किसी रुकावट के विटामिन डी अवशोषित करने में मदद मिलती है. सूर्य की रोशनी में बहुत कम मात्रा में प्रदूषण को कम किया जा सकता है. मजबूत तथा घने बालों के लिए अधिक से अधिक विटामिन डी लेने की कोशिश करें.