हिंदी सिनेमा जगत में 80 और 90 के दशक में अपनेआप को सिद्ध करने वाली माधुरी दीक्षित अभिनेत्री ही नहीं, कुशल नृत्यांगना भी हैं. अभिनय के साथसाथ उन के नृत्य का जादू इस कदर छाया हुआ है कि आज भी दर्शक उन की एक झलक पाने को लालायित रहते हैं.

फिल्म ‘अबोध’ से कैरियर की शुरुआत करने वाली माधुरी दीक्षित का टर्निंग पौइंट फिल्म ‘तेजाब’ थी. इस के बाद से उन्होंने पीछे मुड़ कर नहीं देखा और एक के बाद एक सफल फिल्में करती गईं. ‘राम लखन,’ ‘परिंदा,’ ‘त्रिदेव,’ ‘किशनकन्हैया,’ ‘प्रहार,’ ‘दिल,’ ‘बेटा,’ ‘खलनायक,’ ‘हम आप के हैं कौन,’ ‘दिल तो पागल है’ और ‘देवदास’ जैसी कई हिट फिल्में उन के नाम हैं. माधुरी वर्ष 1999 में हार्ट सर्जन श्री राम माधव नेने से शादी कर के अमेरिका चली गईं.

2 बच्चों की मां बन कर भी वे जब बौलीवुड में वापस आईं तो दर्शकों का प्यार उन्हें मिला. दूसरी पारी में वे छोटे परदे से ले कर बड़े परदे दोनों पर विराजमान हैं. इन दिनों वे ‘झलक दिखला जा सत्र-6’ की जज बनने के साथसाथ कई फिल्मों में भी काम कर रही हैं. पेश हैं उन से हुई सोमा घोष की बातचीत के अंश :

आप ‘डांसिंग दीवा’ कहलाती हैं. कितना मुश्किल था यहां तक पहुंचना?

मैं खुश हूं कि दर्शक आज भी मुझे पसंद करते हैं. मेरे काम को सराहते हैं. हर व्यक्ति की अपनी पर्सनैलिटी होती है. अगर आप नृत्य के साथसाथ अच्छा अभिनय भी कर सकते हैं तो आप की राह आसान होती है. डांस में भाव का होना जरूरी है. अगर आप के भाव अच्छे नहीं हैं तो अच्छे डांसर हो कर भी आप कामयाब नहीं हो सकते. मैं एक ऐक्टर और डांसर हूं. इस का लाभ मुझे मिला है. डांस तो आज की हीरोइनें, मसलन, प्रियंका चोपड़ा, कैटरीना कैफ, अनुष्का शर्मा, करीना कपूर, सोनाक्षी सिन्हा आदि सभी करती हैं पर सब का स्टाइल अलग होता है. अगर आप का स्टाइल दर्शकों को भा जाए तो आप सफल हो जाते हैं.

आप को किस का डांस सब से अच्छा लगता है?

ऋतिक रोशन के डांस को पसंद करती हूं. रणबीर कपूर के साथ मैं ने डांस किया है. उस में एनर्जी लेवल बहुत अच्छा है. इस के अलावा कैटरीना कैफ, प्रियंका चोपड़ा और अनुष्का शर्मा के डांस भी पसंद हैं.

कभी आप को खुद की परफौर्मैंस से असंतुष्टि हुई?

बहुत बार होती है. मैं अपने काम की खुद आलोचक हूं. दूसरों की आलोचना आसान है, खुद की कठिन. बहुत बार अपना डांस या अभिनय देख कर मैं सोचती थी कि मुझे और अधिक अच्छा करना चाहिए था.

हाल ही में आप ने मां के साथ गाना गाया है. अनुभव कैसा रहा? क्या आप सिंगिंग में भी अपना हाथ आजमाना चाहती हैं?

फिल्म ‘गुलाबी गैंग’ में एक गाना अपनी मां के साथ गाने के लिए जब निर्देशक ने कहा तो मैं मां के साथ थोड़ी चालाकी कर उन्हें स्टूडियो ले आई और अपनी आवाज में गाने को कहा. पहले मां समझ नहीं पाईं पर जब मैं ने उन्हें राज बताया तो वे हंसने लगीं. दरअसल उन का यह पहला कमर्शियल गीत था और मैं ने भी उन के साथ गा दिया. वे गाना गाती थीं लेकिन उन्हें कभी कमर्शियल गाना गाने का मौका नहीं मिला था. आगे संगीत में जाऊंगी या नहीं, बताना मुश्किल है.

अपने आप को फिट रखने के लिए क्याक्या करती हैं?

मैं हमेशा से हैल्दी रहना पसंद करती हूं. इस प्रोफैशन में फिट रहना जरूरी भी है, क्योंकि कैमरे के आगे डांस, ऐक्टिंग सबकुछ करना पड़ता है. इस के अलावा हैल्दी खाना खाती हूं. वर्कआउट करती हूं और पूरे दिन में?थोड़ाथोड़ा 5 बार खाती हूं.

क्या आप अपने प्रोडक्शन हाउस से फिल्में बनाने वाली हैं?

मैं अपने प्रोडक्शन हाउस से फिल्में कब बनाऊंगी, पता नहीं. पर डांस एकेडमी अवश्य बनाऊंगी ताकि डांस स्टाइल के साथसाथ गुरु के पास जा कर डांस सीखने की कला शिष्यों को समझ में आए. भारतीय डांस सीखना सभी डांसरों के लिए जरूरी है. हमारी अकादमी की शिक्षा गुरुशिष्य परंपरा के आधार पर होगी.

इतने सारे काम करते हुए ‘टाइम मैनेज’ कैसे करती हैं?

हर काम को प्रायोरिटी के अनुसार प्लान करती हूं जिस में बच्चों के साथ रहना, उन की देखभल करना भी शामिल होता है.

आप के लिए नृत्य की अहमियत क्या है?

नृत्य व्यक्ति को फिट रखता है, आनंद देता है. मैं रोज 1 घंटा नृत्य का अभ्यास करती हूं.

आप कोई नया डांस स्टाइल सीखना चाहती हैं?

मुझे टैप डांस सीखना है. मुझे जिम कैली और फ्रेड एस्टेयर के डांस बहुत पसंद हैं.