2 करोड़ से ज्यादा रेल यात्रियों को रोजाना उनके गंतव्य तक पहुंचाने वाली भारतीय रेलवे लगातार बदल रही है. यात्रियों की आराम के लिए हर रोज कुछ न कुछ बदलाव सामने आ रहे हैं. अब औनलाइन टिकट बुकिंग से जुड़े कुछ नियमों में भी बदलाव किया गया है. ऐसे में अगर आप हाल फिलहाल में ट्रेन टिकट बुक करवाने की सोच रहे हैं तो आपको बदले हुए नियमों की जानकारी होनी चाहिए.

दरअसल भारतीय रेलवे कैटरिंग एंड टूरिज्म कौर्पोरेशन (आईआरसीटीसी) ने ट्रेन टिकट को औनलाइन बुक कराने से जुड़े नियमों में कई बड़े बदलाव कर दिए है. गौरतलब है कि हाल ही में आईआरसीटीसी की वेबसाइट में कुछ नए फीचर जोड़े गए थे. हालांकि नई साइट का बीटा वर्जन ही पेश किया गया, इसमें यात्रियों के लिए वेट लिस्ट पीरियड का विकल्प भी उपलब्ध करवाया गया है.

इंडियन रेलवे से जुड़े आपके काम के नियम

  • अब रेल यात्री अपना टिकट यात्रा से 120 दिन पहले तक बुक करा सकते हैं. सुबह आठ से दस के दौरान एक आईडी से दो टिकट बुक की जा सकती है.
  • एक आईडी से 6 टिकट बुक किए जा सकते हैं. आधार वेरिफाइड यूजर्स हर महीने 12 टिकट की बुकिंग करा सकते हैं.

business

  • शेड्यूल टाइम से तीन घंटा देर होने की सूरत में अब यात्री रिफंड के लिए क्लेम कर सकते हैं.
  • अगर आप औनलाइन माध्यम से टिकट बुक करा रहे हैं, तो आपको फौर्म भरने के लिए सिर्फ 25 सेकेंड का वक्त मिलेगा. इसके अलावा कैप्चा और पेमेंट पेज के लिए 5 सेकेंड का अतिरिक्त वक्त मिलेगा.
  • तत्काल टिकट यात्रा से एक दिन पहले टिकट बुक कराया जा सकता है इसका समय सुबह 10 (एसी कोच) बजे है. वहीं स्लीपर क्लास के लिए यह समय सुबह 11 बजे है. एक आईडी से सुबह 10 से 12 के बीच सिर्फ दो टिकट ही बुक किए जा सकते हैं.
  • तत्काल टिकट बुकिंग के दौरान एक बार में अधिकतम 6 बर्थ ही बुक की जा सकती है, जो कि दो स्टेशनों के बीच किसी विशेष यात्रा के लिए ही मान्य होगा.
  • रेलवे की क्विक बुक सर्विस सुबह 8 बजे से 12 बजे तक के लिए उपलब्ध नहीं होगी. एक समय में एक व्यक्ति सिर्फ एक ही लौग-इन कर पाएगा.
  • ट्रेन टिकट बुक कराने वाले एजेंट्स को सुबह 8 बजे, 8:30 बजे, 10 बजे 10:30 बजे, 11 बजे और 11:30 बजे ही टिकट बुक कराने की अनुमति है.
  • अधिकृत ट्रैवल एजेंट विंडो ओपन होते ही शुरुआती 30 मिनट में औनलाइन रिजर्वेशन नहीं करा सकते हैं.
  • नेट बैंकिंग के जरिए टिकट का भुगतान करते समय सभी बैंकों के खाताधारकों को खुद को वन टाइम पासवर्ड (ओटीपी) के जरिए खुग को वेरिफाई करवाना होगा.