सरिता विशेष

एक वेब पोर्टल के अनुसार ‘‘सरबजीत’’ और ‘‘भूमि’’ फिल्मों का सह निर्माण कर चुके संदीप सिंह पर मौरिशस के एक होटल में स्विट्जरलैंड से आए एक अवयस्क बालक के साथ यौन शोषण का मामला दर्ज किया गया है. संदीप सिंह, राष्ट्रीय पुरस्कार विजेता निर्देशक उमंग कुमार के बिजनेस पार्टनर भी हैं. ‘इंडियन लीगल स्टोरीज दैट काउंट’ के अनुसार स्विट्जरलैंड का यह अवयस्क बालक अपने परिवार के साथ मौरिशस छुट्टियां मनाने गया हुआ था. जबकि 37 वर्षीय भारतीय फिल्म निर्माता संदीप सिंह यानी कि संदीप विनोद कुमार सिंह अपनी नई फिल्म के लिए लोकेशन देखने मौरिशस गए हुए थे. दोनों एक ही होटल में रूके हुए थे.

संदीप 29 मार्च 2018 को होटल के बीच पर इस बालक से मिले और उसके साथ सिनेमा तथा संगीत पर लंबी चैड़ी बातें करते हुए उसके साथ दोस्ती कर ली. फिर संदीप विनोद कुमार सिंह उस बालक को लेकर अपने होटल के कमरे में गए, जहां उन्होंने उस बालक के साथ यौन शोषण का दुष्कर्म किया. किसी तरह वह बालक भागकर अपने पिता के पास गया और सारा सच उसने अपने पिता के सामने बयां कर दिया. उस बालक के पिता ने तुरंत होटल के सिक्यूरिटी से संपर्क साधा, पर कोई मिला नहीं. जब उस बालक के पिता का सिक्यूरिटी वालों से संर्पक हुआ, तो इस बारे में सिक्यूरिटी वाले ने कोई कारवाही करने में रूचि नहीं दिखायी. इसी बीच मौका पाकर संदीप विनोद कुमार सिंह 30 मार्च को वहां से वापस भारत लौट आए.

संदीप सिंह की सफाईः

मजेदार बात यह है कि 30 मार्च मुंबई वापस लौट आए संदीप सिंह अब तक चुप थे. मगर 4 अप्रैल को जब मीडिया में मौरिशस की घटना की चर्चा शुरू हुई, तो संदीप सिंह ने चार अप्रैल को देर शाम अपने पी आर के माध्यम से कुछ पत्रकारों को ईमेल पर अपना पक्ष भिजवाया, जिसमें उन्होंने आरोप लगाया है कि मौरिशस में उनके साथ गलत हुआ. उनके साथ धोखा हुआ. इस बयान में संदीप सिंह ने कहा- ‘‘मैं अपनी आने वाली फिल्म की रेकी के लिए मौरिशस में था, तब मुझे एक अजनबी ने टोका. जब मैं उसकी मदद के लिए आगे बढ़ा, तो उसने मेरे साथ ही गड़बड़ी की. मुझे इस बात का डर लगा कि उसने मेरे पासपोर्ट की फोटो निकाल ली और मुझे धमकी भरे ईमेल लिखने लगा. मैं वहां के स्थानीय प्रशासन का शुक्रिया अदा करता हूं, जिन्होंने मुझे मेरा पासपोर्ट वापस दिलाने में मदद की.’’.

संदीप सिंह के प्रचारक ने अपने ईमेल में लिखा है- ‘‘घटना 29 मार्च की है. जब निर्माता संदीप सिंह अपनी फिल्म की रेकी के लिए मौरिशस में थे. उस दिन एक विदेशी ने उनके साथ झगड़ा किया और उनका पासपोर्ट, बटुआ, मोबाइल फोन सहित कई मूल्यवान चीजें चुरा ली. उसने न सिर्फ उनसे हाथापायी की, बल्कि उनके पासपोर्ट की फोटो निकाल ली. बाद में नकली ईमेल आई डी बनाकर  जबरन वसूली के ईमेल भेजने लगा. वह हर हाल में निर्माता से पैसे चाहता था. पर स्थानीय पुलिस ने नकली ईमेल का राज खोलकर इस तरह का हमला करने वाले को पकड़ा और निर्माता की सारी मूल्यवान चीजे वापस दिलायीं.

अब सच क्या है..यह तो मौरिशस पुलिस व प्रशासन ही बता सकता है.