गीत-संगीत को बढ़ावा देने के लिए मध्य प्रदेश में प्रतिष्ठित राष्ट्रीय लता मंगेशकर सम्मान से कलाकारों को सम्मानित किया जाता है. हर साल की तरह इस बार भी इस प्रतिष्ठित राष्ट्रीय सम्मान से संगीत के क्षेत्र के तीन विभूतियों को सम्मानित किया गया. गुरुवार रात को वर्ष 2012 के लिए उषा खन्ना, वर्ष 2015 के लिए उदित नारायण तथा वर्ष 2016 के लिए अनु मलिक को यह सम्मान प्रदान किया गया. आपको बता दें कि यह सम्मान वर्ष 1984 में स्थापित किया गया था और अब तक 28 विभूतियों को इस प्रतिष्ठित सम्मान से सम्मानित किया जा चुका है.

समारोह में वित्त मंत्री तथा इंदौर जिले के प्रभारी जयंत मलैया ने उन्हें यह सम्मान प्रदान करते हुए कहा कि प्रदेश में गीत-संगीत को बढ़ावा देने के लिए यह पुरस्कार स्थापित किया गया है. वहीं समारोह को संबोधित करते हुए पर्यटन एवं संस्कृति राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) सुरेंद्र पटवा ने कहा कि मध्य प्रदेश की देश में कला, गीत, संगीत संस्कृति तथा पर्यटन के क्षेत्र में विशेष पहचान है.

सम्मान मिलने के बाद प्रसिद्ध गायक उदित नारायण ने कहा, यह खुशी की बात है कि मध्य प्रदेश शासन ने मुझे इसके काबिल समझा और इस सम्मान से अलंकृत किया है. लता मंगेशकर के नाम से सम्मान मिलना मां सरस्वती का आशीर्वाद मिलने के बराबर है.

अवार्ड मिलने के बाद प्रसिद्ध संगीतकार उषा खन्ना ने कहा, “मैं मध्य प्रदेश में जन्मी हूं. लता मंगेशकर के नाम से पुरस्कार मिलना मेरे लिए सबसे बड़ा आशीर्वाद है.” उनका कहना है कि गायक एवं संगीतकार एक-दूसरे के बगैर अधूरे हैं.

वहीं प्रसिद्ध संगीत निर्देशक अनु मलिक ने कहा, लता मंगेशकर के नाम से स्थापित पुरस्कार मिलना अपने आप में सबसे बड़ा सम्मान है. सम्मान की परंपरा से कला एवं संस्कृति को बढ़ावा मिलता है.